Равшани шабӣ ки шамъи шабистони ман шӯй

روشن شبی که شمع شبستان من شوی

Зулмат задой кулбаи аҳзони ман шӯй

ظلمت زدای کلبه احزان من شوی

Ҷони рехтам ба пои ту аз чоки синаи кош

جان ریختم به پای تو از چاک سینه کاش

По дар ҳарим сина наҳй ҷони ман шӯй

پا در حریم سینه نهی جان من شوی

Покон наянд дархури ту синаҳо кабоб

پاکان نیند درخور تو سینه ها کباب

Ман чун пазами хаёл ки меҳмони ман шӯй

من چون پزم خیال که مهمان من شوی

Бо бод ҳамнафас накунам сӯяти оҳ ро

با باد همنفس نکنم سویت آه را

Тарсам чу зулфи хеши парешони ман шӯй

ترسم چو زلف خویش پریشان من شوی

Ҳайронем хамӯш кунад варна пеши ту

حیرانیم خموش کند ورنه پیش تو

Чандон кашами нафир ки ҳайрони ман шӯй

چندان کشم نفیر که حیران من شوی

Чун тӯтӣон ба шукри ту шукр шикан шавам

چون طوطیان به شکر تو شکر شکن شوم

Гар зон даҳону лаби шкрстони ман шӯй

گر زان دهان و لب شکرستان من شوی

Ҷомии ним ба малики сухани хусравами хуши он

جامی نیم به ملک سخن خسروم خوش آن

Каз хати хуби хоҷаи девони ман шӯй

کز خط خوب خواجه دیوان من شوی