Нафаҳоти вслки аўқдти ҷмроти шўқки фии алҳшо
نَفَحاتُ وَصلکَ اَوقَدَت جَمَرات شَوقکَ فِی الحَشا
зи ғамат ба сина кам оташӣ ки назд забонаи комаи тшо
ز غمت به سینه کم آتشی که نزد زبانه کما تشا
Ту чаҳ мазҳарӣ ки зи ҷилваи ту садои сиҳаҳи суфиён
تو چه مظهری که ز جلوهٔ تو صدای صیحهٔ صوفیان
Гузарад зи зрўаҳи ломакон ки хушо ҷамоли азал хушо
گذرد ز ذروهٔ لامکان، که: خوشا جمال ازل؛ خوشا
Ҳамаи аҳли масҷиду савмиъаи паии вирди субҳу дуои шаб
همه اهل مسجد و صومعه، پی وردِ صبح و دعای شب
Ману зикри талъату турраи ту ман алғдоаҳи илои алъшо
من و ذکر طلعت و طرهٔ تو مِنَ الغَداةِ اِلَی العِشا
зи каманди зулфи ту ҳар шикан гиреҳӣ фиканда ба кори ман
ز کمند زلف تو هر شکن، گرهی فکنده به کار من
Ба гиреҳи гушойии лаъли худ ки зи кори ман гиреҳии гшо
به گرهگشایی لعل خود: که ز کار من گرهی گشا
Дили ман ба ишқи ту май наад қадами вафо ба раҳи талаб
دل من به عشقِ تو مینهد، قدمِ وفا به ره طلب
Флӣни съиٰи Фбаҳи съиٰу лӣни мшиٰи Фбаҳи мшиٰ
فَلَئِن سَعیٰ فَبِهِ سَعیٰ و لَئِن مَشیٰ فَبِهِ مَشیٰ
Ба ту дошт ху дил гашта хӯни зи ту буд ҷони марои сукӯн
به تو داشت خو دلِ گشتهخون، ز تو بود جان مرا سکون
Фҳҷртнӣу ҷълтнии мтҳирои мтўҳшо
فَهَجَرتَنی و جَعَلتَنی مُتَحَیِّرا مُتَوَحِّشا
Чаҳ ҷафо ки ҷомии хастаи дили зи ҷудоӣ ту наме кашад
چه جفا که جامی خستهدل ز جدایی تو نمیکشد
Қадам аз тариқ ҷафо бикаш сӯии ошиқони ҷФокши о
قدم از طریق جفا بکش: سوی عاشقان جفاکش آ