Мақоми орифи олии мақом бе ватанӣаст

مقام عارف عالی مقام بی وطنیست

Тарози кисвати фақру фано вбрҳнаҳ танӣаст

طراز کسوت فقر و فنا وبرهنه تنیست

Ба гӯши даҳри азин растар сухан нарасед

به گوش دهر ازین راستر سخن نرسید

Ки гавҳари садафи баҳри сидқ кам схнист

که گوهر صدف بحر صدق کم سخنیست

Чу нест бандаи он шоҳи ?маккейу маданӣ

چو نیست بنده آن شاه مکی و مدنی

Азон чаҳ суд ки ?маккейаст хоҷа ё маданӣаст

ازان چه سود که مکیست خواجه یا مدنیست

Гирифт гӯша чу хами шайхи пари шароби ғурур

گرفت گوشه چو خم شیخ پر شراب غرور

Ба мӯҳтасиб ки расонад ки вақт хам шиканӣаст

به محتسب که رساند که وقت خم شکنیست

Ба қибла рӯй ва батон дар даруни зи ҳирсу ҳаво

به قبله روی و بتان در درون ز حرص و هوا

На ин худоӣ парастӣаст балки брҳмнист

نه این خدای پرستیست بلکه برهمنیست

Ҳавоӣ ишқ кунӣ ҳиммат аз ду куни бабр

هوای عشق کنی همت از دو کون ببر

Ки ин урӯҷ наёяд зи ҳимматӣ ки днист

که این عروج نیاید ز همتی که دنیست

Хҷолтисти азим аз рухи ту ҷомӣ ро

خجالتیست عظیم از رخ تو جامی را

Ки захми теғи фироқ ту хӯрду зистнист

که زخم تیغ فراق تو خورد و زیستنیست