Кадомин шаб ба хоби он рӯй хандонам наме ояд

کدامین شب به خواب آن روی خندانم نمی‌آید

Ки дарёҳои хӯн аз чашм гирёнам наме ояд

که دریاهای خون از چشم گریانم نمی‌آید

Магар зад барқи оҳами корвони ашки хунин ро

مگر زد برق آهم کاروان اشک خونین را

Ки умрӣ шуд ба тўФи тараф домонам наме ояд

که عمری شد به طوف طرف دامانم نمی‌آید

Камон абрӯе дидам ки монанди пари новак

کمان‌ابرویی دیدم که مانند پر ناوک

зи ҳайронӣ ба ҳам сафҳои мижгонам наме ояд

ز حیرانی به هم صف‌های مژگانم نمی‌آید

Шакуфтами гули гул аз доғи тнмоишу зини доғам

شکفتم گل گل از داغ تنمایش و زین داغم

Ки ӯ ҳаргиз ба гулгашт гулистонам наме ояд

که او هرگز به گلگشت گلستانم نمی‌آید

Ба пеши муҳаррам ва бегона ғалтидам ба хӯни дил

به پیش محرم و بیگانه غلتیدم به خون دل

Касеро раҳм бар ҳол парешонам наме ояд

کسی را رحم بر حال پریشانم نمی‌آید

Дамӣ набӯд ки дил аз рахнаҳои сина аз ҳиҷрат

دمی نبود که دل از رخنه‌های سینه از هجرت

Ба истиқбол ҳар чок гиребонам наме ояд

به استقبال هر چاک گریبانم نمی‌آید

Надидам ҳамчуи тарки чашм ӯ қбқоҷ андозӣ

ندیدم همچو ترک چشم او قبقاج اندازی

Буруни кас бо бути баргашта мижгонам наме ояд

برون کس با بت برگشته مژگانم نمی‌آید

Кадомин субҳдам кандар ҳавои ғунчаи лаълаш

کدامین صبحدم کاندر هوای غنچهٔ لعلش

Чу гули чоки гиребон то ба домонам наме ояд

چو گل چاک گریبان تا به دامانم نمی‌آید

Чаро ҷӯёи нғлтд бар дили аҳли сухани назмам

چرا جویا نغلتد بر دل اهل سخن نظمم

Ки бар лаби ғайри гавҳарҳои ғалтонам наме ояд

که بر لب غیر گوهرهای غلتانم نمی‌آید