Аидли зи нахли нолау оҳати самар чаҳ шуд
ایدل ز نخل ناله و آهت ثمر چه شد
Вази тухми ашки резии пайваста бар чаҳ шуд
وز تخم اشک ریزی پیوسته بر چه شد
эй ҳамнишин бигӯӣ ту худгар чу ман на Эй
ای همنشین بگوی تو خود گر چو من نه ای
Каз диданаши зҳўш чу рафтӣ дигар чаҳ шуд
کز دیدنش زهوش چو رفتی دگر چه شد
Пайваста дар канор манасту зи изтироб
پیوسته در کنار منست و ز اضطراب
Фурсат намешавад ки бипурсам камар чаҳ шуд
فرصت نمی شود که بپرسم کمر چه شد
То аз садафи ҷудо шуда дар зар нишаста аст
تا از صدف جدا شده در زر نشسته است
Гар аз ватан бурид зиёни гуҳар чаҳ шуд
گر از وطن برید زیان گهر چه شد
Сад раҳи сафари бмлк ҷунун кардӣ ва ҳануз
صد ره سفر بملک جنون کردی و هنوز
эй дил баҷост ақли ту суди сафар чаҳ шуд
ای دل بجاست عقل تو سود سفر چه شد
Чизеи баҳоии хасмии ин нокасони мада
چیزی بهای خصمی این ناکسان مده
Гардун ки ҳаст душмани аҳли ҳунар чаҳ шуд
گردون که هست دشمن اهل هنر چه شد
Чун бар ту равшанаст чгўими зи ҳоли дил
چون بر تو روشن است چگویم ز حال دل
Гуфтан чаҳ эҳтиёҷ ки шамъи саҳар чаҳ шуд
گفتن چه احتیاج که شمع سحر چه شد
Нагирифт каси зи синаи сад чоки ман хабар
نگرفت کس ز سینه صد چاک من خبر
Оре кро ғамаст ки захми сипар чаҳ шуд
آری کرا غمست که زخم سپر چه شد
Зомизш чу шеру шукр бо муроди дил
زآمیزش چو شیر و شکر با مراد دل
Мўӣӣ чу шер монда надонам шукр чаҳ шуд
موئی چو شیر مانده ندانم شکر چه شد
Дорем Эй кулем дилу дайну сабру ҳуш
داریم ای کلیم دل و دین و صبر و هوش
Гар дар баҳои бӯса надодем зар чаҳ шуд
گر در بهای بوسه ندادیم زر چه شد