Дар арзўӣ рӯй ту эй нави баҳори чашм
در ارزوی روی تو ای نو بهار چشم
Аз ҳади гузашт бар сари роҳи интизори чашм
از حد گذشت بر سر راه انتظار چشم
Ҳар шаби нуҳуми зи нӯки мижаи тобгоҳи субҳ
هر شب نهم ز نوک مژه تابگاه صبح
Дар арзўии гулбун рӯй ту хори чашм
در ارزوی گلبن روی تو خار چشم
Аз сояи рухи ту бхўршид қонеъаст
از سایۀ رخ تو بخورشید قانعست
Бахшой чун расед бад-ӣни изтирори чашм
بخشای چون رسید بدین اضطرار چشم
Зон сарви қомати ту чунон тоза ва тараст
زان سرو قامت تو چنان تازه و ترست
Каши доими обхўр буд аз ҷӯйбори чашм
کش دایم آبخور بود از جویبار چشم
То кишти тухми меҳри ту икдм ҷудо нашуд
تا کشت تخم مهر تو یکدم جدا نشد
Аз чашмасор хӯни ҷигари обёри чашм
از چشمه سار خون جگر آبیار چشم
Аз соғари зҷоҳӣ бар ёд рӯй ту
از ساغر زجاحی بر یاد روی تو
Дарё кашаст ҳндўки шоди хори чашм
دریا کشست هندوک شاد خوار چشم
Саҳни сарои дидаи бҳФти об шаста ам
صحن سرای دیده بهفت آب شسته ام
Баҳри хаёлат об зада раҳгузори чашм
بهر خیالت آب زده رهگذار چشم
Бо ғамзаи шикори кашу чашми шери гир
با غمزۀ شکار کش و چشم شیر گیر
Баси шери мардро ки ту кардӣ шикори чашм
بس شیر مرد را که تو کردی شکار چشم
Андешаи зи оби рехтагӣ буд дар ғамат
اندیشه ز آب ریختگی بود در غمت
Хӯн рехтан набӯд худ андари шумори чашм
خون ریختن نبود خود اندر شمار چشم
Зон то хаёли ту шаби тира ъбр кунад
زان تا خیال تو شب تیره عبر کند
Пул бастаам зи абрӯ бар чашмасор чашм
پل بسته ام ز ابرو بر چشمه سار چشم
Дар чашми ту чигуна тавон омадан ки ҳаст
در چشم تو چگونه توان آمدن که هست
Аз ҳоҷибони ғамзаи турои танги бори чашм
از حاجبان غمزه ترا تنگ بار چشم
Марди афканӣ ҳаме кунад ин чашми нотавон
مرد افکنی همی کند این چشم ناتوان
Чун Тифл агар чаҳ лаъибат бозӣаст кори чашм
چون طفل اگر چه لعبت بازیست کار چشم
Дар пас рӯй рӯй ту чун чашми як дилам
در پس روی روی تو چون چشم یک دلم
То нӯки ғамзаи ту буд пешкори чашм
تا نوک غمزۀ تو بود پیشکار چشم
Афтод дар саводи ду чашмати Фтўри азин
افتاد در سواد دو چشمت فتور ازین
Оҳхти теғи ғамзаи ханҷари гузори чашм
آهخت تیغ غمزۀ خنجر گزار چشم
Омад ббоғи наргиси махмури саргарон
آمد بباغ نرگس مخمور سرگران
То бишиканади зи наргиси мастати хумори чашм
تا بشکند ز نرگس مستت خمار چشم
Хӯн рез шуд зи прдлии ин чпшми дили сиёҳ
خون ریز شد ز پردلی این چپشم دل سیاه
Зинҳор то рахти надиҳад зинҳор чашм
زنهار تا رخت ندهد زینهار چشم
Дар пардаи зҷоҷим аз қатраҳои ашк
در پردۀ زجاجیم از قطره های اشک
Қробаҳҳост пари гуҳари шоҳвори чашм
قرّابه هاست پر گهر شاهوار چشم
Ршошаҳ аз сиришк кунад шона аз мижа
رشّاشه از سرشک کند شانه از مژه
Пеши рухи ту ҳиндӯии ойӣнаи дори чашм
پیش رخ تو هندوی آیینه دار چشم
Кардаст дили бдрё дар бахшиши гуҳар
کردست دل بدریا در بخشش گهر
Гӯйӣ ки табъ хоҷа шуд омӯзгори чашм
گویی که طبع خواجه شد آموزگار چشم
Ночори файзӣ аз кафи садри ҷаҳони барад
ناچار فیضی از کف صدر جهان برد
Варна набошад ин ҳама дар дар ясори чашм
ورنه نباشد این همه در در یسار چشم
Хуршеди ҳимматӣ ки ҷаҳони ғарқ ҷӯад ӯст
خورشید همّتی که جهان غرق جود اوست
Чндонкаҳ бингарам зимину ёри чашм
چندانکه بنگرم زیمین و یار چشم
Аз решаи қсбчаҳи дарӣ калак ӯст
از ریشۀ قصبچۀ درّی کلک اوست
Ин кисвати сиёҳ ки омад шиори чашм
این کسوت سیاه که آمد شعار چشم
Парчини ниҳод аз мижау об дар фиканд
پرچین نهاد از مژه و آب در فکند
Хасм ар наҳифи стўтши андари ҳисори чашм
خصم ار نهیب سطوتش اندر حصار چشم
Бе истиқомати не калакаш нашуд падед
بی استقامت نی کلکش نشد پدید
Андари ҳдиқаҳи ънбии баргу бори чашм
اندر حدیقۀ عنبی برگ و بار چشم
Дар доми анкабут кӣ уфтад збоби айн ?
در دام عنکبوت کی افتد ذباب عین؟
Гар адл ӯ назар кунад андари диёри чашм
گر عدل او نظر کند اندر دیار چشم
эй ҳокимӣ ки дидли ваҳмати бики назар
ای حاکمی که دیدل وهمت بیک نظر
Бинад ниҳони дили ҳама чун ошкори чашм
بیند نهان دل همه چون آشکار چشم
Бе нури офтоби лақои муборакат
بی نور آفتاب لقای مبارکت
Ҷом ҷаҳон намой наёяд бакори чашм
جام جهان نمای نیاید بکار چشم
Гар соя тавозуъ бурдорӣ аз назар
گر سایۀ تواضع برداری از نظر
Хуршеди ҳайбати ту براردи дамори чашм
خورشید هیبت تو برآرد دمار چشم
Ҷое расед қадари ту конҷо наме расад
جایی رسید قدر تو کآنجا نمی رسد
Ин раҳи наварди сокин , аънии савори чашм
این ره نورد ساکن، اعنی سوار چشم
То нест ҳзму азми ту бихўобу биқрор
تا نیست حزم و عزم تو بیخواب و بیقرار
Сӯрат ҳаме набандад хобу қарори чашм
صورت همی نبندد خواب و قرار چشم
Чашми арнаҳ рӯзгор бичишам ту бинадӣ
چشم ارنه روزگار بچشم تو بیندی
Тира чу маснадат шавадӣ рӯзгори чашм
تیره چو مسندت شودی روزگار چشم
ТрФист каз сахои ту бар бастаанд халқ
طرفیست کز سخای تو بر بسته اند خلق
Ин байзаи шакли ҳуққаи гавҳарнигор чашм
این بیضه شکل حقّۀ گوهر نگار چشم
Дорад з рӯй сӯрату маънии тани авдат
دارد ز روی صورت و معنی تن عودت
Ҳам инҳинои абрӯ ва ҳам инкисори чашм
هم انحنای ابرو و هم انکسار چشم
Дидаи ҳдиқаҳи исти сенае ки андрў
دیده حدیقه ایست سنایی که اندرو
Манзуми гашти маснавии обдори чашм
منظوم گشت مثنوی آبدار چشم
Неи неи мҷлдисти зи девони мадҳи ту
نی نی مجلّدیست ز دیوان مدح تو
Мқлаҳ савод карда бирав ихтиёри чашм
مقله سواد کرده برو اختیار چشم
Бефар талъатат набӯд ифтихори шаръ
بی فرّ طلعتت نبود افتخار شرع
Бенур босира набӯд эътибори чашм
بی نور باصره نبود اعتبار چشم
Мисбоҳи босираи зи зҷоҷӣ назд шуъоъ
مصباح باصره ز زجاجی نزد شعاع
То рои равшан ту нашуд дастёри чашм
تا رای روشن تو نشد دستیار چشم
Садро ! бидон худоӣ ки дасти латоифаш
صدرا! بدان خدای که دست لطایفش
Кардаст нури ҳафт тибқро нисори чашм
کردست نور هفت طبق را نثار چشم
Оварад чарху мардуму хуршеду рӯзи шаб
آورد چرخ و مردم و خورشید و روز شب
Пайдои дарин мушаббакаи мастдори чашм
پیدا درین مشبّکۀ مستدار چشم
Аз оҷу обнӯси взкоФўру машки ноб
از عاج و آبنوس وزکافور و مشک ناب
Тартиб дод қудрат ӯ пўдўтори чашм
ترتیب داد قدرت او پودوتار چشم
Бар сохт аз ду решаи ҷуфтин лутфин ӯ
بر ساخت از دو ریشۀ جفتین لطفین او
Даркоргоҳи сунъи шиору дсори чашм
درکارگاه صنع شعار و دثار چشم
Гар дидаи сипеду сиёҳ замона ёфт
گر دیدۀ سپید و سیاه زمانه یافت
Инсони айн , ба зи ту аз кирдигори чашм
انسان عین، به ز تو از کردگار چشم
эй мухбири ту гоҳи баёни гулистони табъ
ای مخبر تو گاه بیان گلستان طبع
Ваии манзари ту вақти аёни навбаҳори чашм
وی منظر تو وقت عیان نوبهار چشم
Барсохтам бФри ту аз лафзи поки хеш
برساختم بفرّ تو از لفظ پاک خویش
Кӯҳли алҷўоҳрӣ ки буд ёдгори чашм
کحل الجواهری که بود یادگار چشم
Мадҳ туро биноз ниҳодам бичишам бар
مدح ترا بناز نهادم بچشم بر
Зин рӯй обдор шуд андари дҷўори чашм
زین روی آبدار شد اندر دجوار چشم
Дар ятеми лафзи малеҳи марои гӯши дор аз онк
درّ یتیم لفظ ملیح مرا گوش دار از آنک
Парвардаам бхўни дилаши барканори чашм
پرورده ام بخون دلش برکنار چشم
Маънии ъзбу лафз малеҳ оварам кунун
معنیّ عذب و لفظ ملیح آورم کنون
Комихти баҳри шеъри ман андари баҳори чашм
کآمیخت بحر شعر من اندر بحار چشم
Дарҷи фалаки зи гавҳари Баҳрайн пар шавад
درج فلک ز گوهر بحرین پر شود
То лафзи ман буд бмдиҳи ту ёри чашм
تا لفظ من بود بمدیح تو یار چشم
Баси чашмҳо ки пас рӯи ин шеъртар буд
بس چشم ها که پس رو این شعر تر بود
Тозин нмт ки рост кунад кору бори чашм
تازین نمط که راست کند کار و بار چشم
Чашм бидон зи талъати хуби ту даври бод
چشم بدان ز طلعت خوب تو دور باد
То ҳаст бар сиёҳии нуқтаи мадори чашм
تا هست بر سیاهی نقطه مدار چشم
То дар ҷаҳон биравӣ шиносӣ муайян анд
تا در جهان بروی شناسی معیّن اند
Ин содаи дили ду лаъибати ҳиндӯи наҷҷори чашм
این ساده دل دو لعبت هندو نجار چشم
Бод аз наҳифи қаҳри ту мастури ғунчаи вор
باد از نهیب قهر تو مستور غنچه وار
Хасми турои ду наргисаи нобакори чашм
خصم ترا دو نرگسۀ نابکار چشم