Рӯз идаст бидиҳ ҷоми шароб

روز عیدست بده جام شراب

Вақт кораст , чаҳ дорӣ ? дарёб

وقت کارست ، چه داری؟ دریاب

Мағзам аз бонги дуҳул кӯфта шуд

مغزم از بانگ دهل کوفته شد

Марҳамаш нола чангасту рубоб

مرهمش نالۀ چنگست و رباب

Муддатӣ шуд ки даҳон барбастам

مدّتی شد که دهان بربستم

Ҳамчуи ғунчаи зшробу зкбоб

همچو غنچه زشراب و زکباب

Вақт онаст ки ҳамчун наргис

وقت آنست که همچون نرگس

Бар надорем сар аз мастӣу хоб

بر نداریم سر از مستی و خواب

Бори дигар буза андӯз шавем

بار دیگر بزه اندوز شویم

Ки намеояд моро зи савоб

که نمی آید ما را ز ثواب

Рафт он давр ки даврони фалак

رفت آن دور که دوران فلک

Ҳарза медошт диламро бъзоб

هرزه می داشت دلم را بعذاب

Ин замонгар бчхд бо дили ман

این زمان گر بچخد با دل من

Бадви соғари даҳумаши бози ҷавоб

بدو ساغر دهمش باز جواب

Зин сипас дасти ману соғар май

زین سپس دست من و ساغر می

Пас азин коми ману бодаи ноб

پس ازین کام من و باده ناب

Ҳар куҷои шарбатӣ аз май байнам

هر کجا شربتی از می بینم

Бар сараши хаймаи занами ҳамчуи ҳубоб

بر سرش خیمه زنم همچو حباب

Бики имшаби ҳамаи асбоби ҷаҳон

بیک امشب همه اسباب جهان

Акси мутлақ шудааст аз ҳар боб

عکس مطلق شده است از هر باب

Онкии дай об намехӯрд ниҳон

آنکه دی آب نمی خورد نهان

Ошкоро хӯрд имрӯзи шароб

آشکارا خورد امروز شراب

Ва онкии даии мӯътакифи масҷид буд

و آنکه دی معتکف مسجد بود

Дар харобот фитодаст хароб

در خرابات فتادست خراب

Обгина ки пиёлаи сети имрӯз

آبگینه که پیاله ست امروز

Дӯши қандили бади андари миҳроб

دوش قندیل بد اندر محراب

Сарда базм шаробаст имрӯз

سرده بزم شرابست امروز

Онкии дай буд эмоми асҳоб

آنکه دی بود امام اصحاب

Гирў дор қадаҳаст эй соқӣ

گیرو دار قدحست ای ساقی

Ҳону ҳон ! мавсим шодӣ дарёб

هان و هان! موسم شادی دریاب

Он нишотии гуҳари гулгун ро

آن نشاطی گهر گلگون را

Ки фитодаст зи тирии дртоб

که فتادست ز تیری درتاب

Хизў дар арсаи майдони Ораш

خیزو در عرصۀ میدان آرش

То бигардад ки чунинаст савоб

تا بگردد که چنین است صواب

Парда аз духтар руз бурдоред

پرده از دختر رز بردارید

Ки наме зибдши ин стрўи ҳиҷоб

که نمی زیبدش این سترو حجاب

Май ки дар рӯзаи зи ту Фоит шуд

می که در روزه ز تو فایت شد

Бқзои бози хур акнӯн башитоб

بقضا باز خور اکنون بشتاب

Дар даҳ он ҷом май гулнорӣ

در ده آن جام می گلناری

Каш буд ранги гулу буии гулоб

کش بود رنگ گل و بوی گلاب

Хок дар чашм ғам андоз чу бод

خاک در چشم غم انداز چو باد

зи оташии сохта аз оби ниқоб

ز آتشی ساخته از آب نقاب

Ақл бо ин ҳамаи нои ҳифзии айш

عقل با این همه نا حفظی عیش

Дар даҳони оради азин оташи об

در دهان آرد ازین آتش آب

Бодаи ҳамчуи зари сурх казу

بادۀ همچو زر سرخ کزو

Бигурезад ғами дил чун симоб

بگریزد غم دل چون سیماب

Даст дар ҳам зада каф бар сар ӯ

دست در هم زده کف بر سر او

Ҳамчуи марҷони зибри лаъли музоб

همچو مرجان زبر لعل مذاب

Аз пиёла шудаи рухшанда чунонк

از پیاله شده رخشنده چنانک

Офтобии зи миёни маҳтоб

آفتابی ز میان مهتاب

Тараби ангезу латифу равшан

طرب انگیز و لطیف و روشن

Чун рухи соҳиби фархундаи ҷаноб

چون رخ صاحب فرخنده جناب

Соҳиби олами одил ки бабрад

صاحب عالم عادل که ببرد

Суханаши оби ҳама дар хўшоб

سخنش آب همه درّ خوشاب

Онкӣ то давлати бедори бадаст

آنکه تا دولت بیدار بدست

Мисли ӯ хоҷа надидаст бихоб

مثل او خواجه ندیدست بخواب

Назд авҷи шарафаши чархи нижанд

نزد اوج شرفش چرخ نژند

Пеши файзи карамаши нили сароб

پیش فیض کرمش نیل سراب

Онкӣ бо ҳайбат ӯ нхрошд

آنکه با هیبت او نخراشد

Ноӣ ҳалқаи барраро чанги зёб

نای حلقه بره را چنگ ذیاب

эй шудаи мадҳати ту вирди забон

ای شده مدحت تو ورد زبان

Вай шудаи миннати ту тавқи рқоб

وی شده منّت تو طوق رقاب

Мояи ҳалами ту дар ҷони рақиб

مایۀ حلم تو در جان رقیب

Суръати азми ту дар аҳди шабоб

سرعت عزم تو در عهد شباب

Чашмаи оби карамро аўмид

چشمۀ آب کرم را اومید

Дида аз чоҳи давлати ту зҳоб

دیده از چاه دولت تو زهاب

Соҳиб ар зинда шавад бар дар ту

صاحب ار زنده شود بر در تو

Бошад ӯ низ яке аз асҳоб

باشد او نیز یکی از اصحاب

Зери дасти ту карами ҳамчуи Аннан

زیر دست تو کرم همچو عنان

Пои бӯси ту фалаки ҳамчуи рикоб

پای بوس تو فلک همچو رکاب

Партави рой ту дидаст аз он

پرتو رای تو دیدست از آن

Пушт бар меҳр кунад астрлоб

پشت بر مهر کند اصطرلاب

Ҳиммати олӣ ту дарёӣаст

همّت عالی تو دریاییست

Ки надидаст сипеҳраши поёб

که ندیدست سپهرش پایاب

Тири чарх ар набӯд модҳи ту

تیر چرخ ار نبود مادح تو

Чарх аз худ кунад ӯро партоб

چرخ از خود کند او را پرتاب

Сурх рӯйаст ҳасудати зирок

سرخ رویست حسودت زیراک

Бар рух аз хӯн ҷигар кард хизоб

بر رخ از خون جگر کرد خضاب

Зуҳали он рӯз шавад мқбли ном

زحل آن روز شود مقبل نام

Каш кунӣ ҳндўки хеши хитоб

کش کنی هندوک خویش خطاب

Ҳар ки чун пистаи забон бар ту кушод

هر که چون پسته زبان بر تو گشاد

Сурх рӯй ояд ҳамчун унноб

سرخ روی آید همچون عنّاب

Ҳар куҷои сими диҳии вақти ато

هر کجا سیم دهی وقت عطا

Бошадаш бар сари ангушти ҳисоб

باشدش بر سر انگشت حساب

Туе онкас ки бҳнгоми сахо

تویی آنکس که بهنگام سخا

Будат дар сари ангушти саҳоб

بودت در سر انگشت سحاب

Эҳтишоми туу ллаҳи алҳмд

احتشام تو و لله الحمد

Нест муҳтоҷи бҳсри алқоб

نیست محتاج بحصر القاب

Фахри дайни ибни низоми аддӣни бас

فخر دین ابن نظام الدّین بس

Беш азин шарт набошад итноб

بیش ازین شرط نباشد اطناب

Чаҳ занад паҳлу бо дасти ту баҳр

چه زند پهلو با دست تو بحر

наменатарсад ки сахояти бътоб

می نترسد که سخایت بعتاب

Ногаҳони хок аз ӯ баргирад

ناگهان خاک از او برگیرد

Вонгаҳе ноед азуи оби боб

وانگهی ناید ازو آب بآب

Чун бдрёии саноӣ ту расад

چون بدریای ثنای تو رسد

Киштӣ ва ҳам фитад дар ғарқоб

کشتی و هم فتد در غرقاب

Сипарӣ ҳам нашавад мадҳати ту

سپری هم نشود مدحت تو

Вар бисозанд ду сад бораи китоб

ور بسازند دو صد باره کتاب

То ки асбоби ҷаҳон сохта аст

تا که اسباب جهان ساخته است

Дар ҷаҳони сохтаи бодати асбоб

در جهان ساخته بادت اسباب

Хаймаи давлату иқболи туро

خیمۀ دولت و اقبال ترا

Дар мсомири абади бастаи таноб

در مسامیر ابد بسته طناب

Рои ту дар ҳамаи андешаи мсиб

رای تو در همه اندیشه مصیب

Хасми ту дар ҳамаи аҳволи мсоб

خصم تو در همه احوال مصاب

Иди фархундаи бшодии гузарон

عید فرخنده بشادی گذران

Дар ҷаҳон ҳар чаҳ муродаст биёб

در جهان هر چه مرادست بیاب

Лабати андари лаби ҷоми гулгун

لبت اندر لب جام گلگون

Дастати андари камар зулф битоб

دستت اندر کمر زلف بتاب