Он Мисри мамлакат ки ту дидӣ хароб шуд
آن مصر مملکت که تو دیدی خراب شد
Ва он нили мкрмт ки шунидӣ сароб шуд
و آن نیل مکرمت که شنیدی سراب شد
Сарви саодат аз туфи хизлони зголи гашт
سرو سعادت از تف خذلان زگال گشت
Ва акнӯн бар он зголи ҷигарҳо кабоб шуд
و اکنون بر آن زگال جگرها کباب شد
Аз сайли ашк бар сари тӯфони воқеа
از سیل اشک بر سر طوفان واقعه
Хуноби қуббаи қубба ба шакл ҳубоб шуд
خوناب قبه قبه به شکل حباب شد
Чли гази сиришки хӯни зи брхок бар гузашт
چل گز سرشک خون ز برخاک بر گذشت
Лобли чиҳил қадами з бар моҳтоб шуд
لابل چهل قدم ز بر ماهتاب شد
Ҳам пайкари саломат ва ҳам нақши офият
هم پیکر سلامت و هم نقش عافیت
Аз дидаи нзоргён дар ниқоб шуд
از دیدهٔ نظارگیان در نقاب شد
Дил сард кун зи даҳр ки ҳам дасти фитнаи гашт
دل سرد کن ز دهر که هم دست فتنه گشت
Андеша кун зи пел ки ҳам ҷуфт хоб шуд
اندیشه کن ز پیل که هم جفت خواب شد
Айёми сусти ройу қадари сахти гири гашт
ایام سست رای و قدر سخت گیر گشت
Авҳом кунад пойу қадари тез тоб шуд
اوهام کند پای و قدر تیز تاب شد
Дафъи қазо ба оҳи шаб кндрў кунед
دفع قضا به آه شب کندرو کنید
Ҳар чанд боргири қазо тизтоб шуд
هر چند بارگیر قضا تیزتاب شد
Гар оташи дурушт азобӣаст бар набот
گر آتش درشت عذابی است بر نبات
Он оби нарми байн ки бар ӯ чун азоб шуд
آن آب نرم بین که بر او چون عذاب شد
Оқил куҷо равад ? ки ҷаҳон , дори зулми гашт
عاقل کجا رود؟ که جهان، دار ظلم گشت
Наҳл аз куҷо чарад ? ки гёи заҳр ноб шуд
نحل از کجا چرد؟ که گیا زهر ناب شد
Рубъи замини басони таби рубъи бардаи пер
ربع زمین بسان تب ربع برده پیر
Аз ларзау ҳзоҳз дар изтироб шуд
از لرزه و هزاهز در اضطراب شد
Кори ҷаҳону боли ҷаҳони дон ки бар хаданг
کار جهان و بال جهان دان که بر خدنگ
Пари уқоби офати ҷон уқоб шуд
پر عقاب آفت جان عقاب شد
Афлокро пилос мусӣбати бисоти гашт
افلاک را پلاس مصیبت بساط گشت
Аҷромро вқоиаҳи зулмат ҳиҷоб шуд
اجرام را وقایهٔ ظلمت حجاب شد
Мотами сарои гашти сипеҳри чаҳорумин
ماتم سرای گشت سپهر چهارمین
Рӯҳи аломин ба таъзият офтоб шуд
روح الامین به تعزیت آفتاب شد
Аз баҳри онкии нома бар таъзият шаванд
از بهر آنکه نامه بر تعزیت شوند
Шому саҳари дўпики кабӯтар шитоб шуд
شام و سحر دوپیک کبوتر شتاب شد
Дар тарк тоз фитнаи зи акси хаёли хӯн
در ترک تاز فتنه ز عکس خیال خون
Кайвон ба шакли ҳиндӯии атлас ниқоб шуд
کیوان به شکل هندوی اطلس نقاب شد
Дӯши он замон ки турраи шаб шона кард чарх
دوش آن زمان که طرهٔ شب شانه کرد چرخ
Мӯии сипеди даҳр ба анбар хизоб шуд
موی سپید دهر به عنبر خضاب شد
Бе дасти арғунуни зани гардун ба рангу шакл
بیدست ارغنون زن گردون به رنگ و شکل
Шаби мӯии гашту моҳи камонча рубоб шуд
شب موی گشت و ماه کمانچهٔ رباب شد
Дидам сафи малоикаи чархи навҳа гар
دیدم صف ملائکهٔ چرخ نوحهگر
Чандон ки он хатиби саҳар дар хитоб шуд
چندان که آن خطیب سحر در خطاب شد
Гуфтам ба гӯши субҳ ки ин чашм захм чист
گفتم به گوش صبح که این چشم زخم چیست
Кошколу ҳоли чархи чунин носавоб шуд
کاشکال و حال چرخ چنین ناصواب شد
Субҳи оҳи оташини з ҷигар баркашид ва гуфт
صبح آه آتشین ز جگر برکشید و گفت
Дардо ки корҳои хуросони з об шуд
دردا که کارهای خراسان ز آب شد
Гардуни сари Муҳамади яҳё ба бод дод
گردون سر محمد یحیی به باد داد
Меҳнати насиби санҷари молик рқоб шуд
محنت نصیب سنجر مالک رقاب شد
Аз ҳабси ин хдиў , Халифа дареғ хӯрд
از حبس این خدیو، خلیفه دریغ خورد
Вази қатли он эмом , паямбар мсоб шуд
وز قتل آن امام، پیمبر مصاب شد
Бидъати з рӯй ҳодисаи пушти ҳудои шикаст
بدعت ز روی حادثه پشت هدی شکست
Шайтони хилофи қоидаи рҷм шаҳоб шуд
شیطان خلاف قاعده رجم شهاب شد
эй офтоби ҳарбаи заррини макаш ки боз
ای آفتاب حربهٔ زرین مکش که باز
Шамшери санҷарии зи қазо дар қроб шуд
شمشیر سنجری ز قضا در قراب شد
Ваии муштарии радои буна аз сар ки тилсон
وی مشتری ردا بنه از سر که طیلسان
Дар гардани Муҳамади яҳё таноб шуд
در گردن محمد یحیی طناب شد
эй одами алғёс ки аз баъди ин халаф
ای آدم الغیاث که از بعد این خلف
Дори алхлоФаҳи ту хароб ва ибоб шуд
دار الخلافهٔ تو خراب و یباب شد
эй андалеби гулшани дайн зор на?ил зор
ای عندلیب گلشن دین زار نال زار
Каз шохи шаръи тӯтии ҳозир ҷавоб шуд
کز شاخ شرع طوطی حاضر جواب شد
эй зулфиқори дасти ҳудои занги гир , занг
ای ذوالفقار دست هدی زنگ گیر، زنگ
Кун Бутуроби илм ба зер туроб шуд
کن بوتراب علم به زیر تراب شد
Хоқонёи вафои матлаби зи аҳли аср аз онк
خاقانیا وفا مطلب ز اهل عصر از آنک
Дар тангнои даҳри вафо тнгёб шуд
در تنگنای دهر وفا تنگیاب شد
Он каъбаи вафо ки хуросонаши ном буд
آن کعبه وفا که خراسانش نام بود
Акнӯн ба пои пели ҳаводис хароб шуд
اکنون به پای پیل حوادث خراب شد
Азмат ки зии ҷаноби хуросони дуруст буд
عزمت که زی جناب خراسان درست بود
Барҳами шикан ки буии амони зи он ҷаноб шуд
برهم شکن که بوی امان ز آن جناب شد
Бар тоқ на ҳадиси сафари зи онкии рӯзгор
بر طاق نه حدیث سفر ز آنکه روزگار
Чун толеъи ту номзад инқилоб шуд
چون طالع تو نامزد انقلاب شد
Дар ҳабси гоҳи ширвон бо дард дил бисоз
در حبس گاه شروان با درد دل بساز
Кони дарди роҳи тӯшаи явм алҳсоб шуд
کان درد راه توشهٔ یوم الحساب شد
Гул дар миёни кӯраи басии дард сар кашид
گل در میان کوره بسی درد سر کشید
То баҳри дафъи дардисари охир гулоб шуд
تا بهر دفع دردسر آخر گلاب شد
Аз чоҳи давлат об кашӣдан тамаъи мадор
از چاه دولت آب کشیدن طمع مدار
Кон далвҳо дариду расанҳо з тоб шуд
کان دلوها درید و رسنها ز تاب شد
Давлат ба рӯзгор тавонад асар намӯд
دولت به روزگار تواند اثر نمود
Ҳасрам ба чор моҳ тавонад шароб шуд
حصرم به چار ماه تواند شراب شد
Фатҳи саодат аз сар азлат бароядат
فتح سعادت از سر عزلت برآیدت
Кўкшти зарди умри туро фатҳ боб шуд
کوکشت زرد عمر تو را فتح باب شد
Ақл аз бароти азлат , соҳиби хароҷи гашт
عقل از برات عزلت، صاحب خراج گشت
Абр аз закоти дарёи соҳиб нассоб шуд
ابر از زکات دریا صاحب نصاب شد
Симурғро Халифаи мурғон ниҳода анд
سیمرغ را خلیفهٔ مرغان نهادهاند
Ҳар чанд ҳам либоси Халифа ғроб шуд
هر چند هم لباس خلیفهٔ غراب شد
Мӯъҷизи Аннани каш сухан туаст агар чаҳ даҳр
معجز عنان کش سخن توست اگر چه دهر
Бо ҳар фусурдае ба вафои ҳам рикоб шуд
با هر فسردهای به وفا هم رکاب شد
Аввал ба ноқисон нигарад даҳр каз нахуст
اول به ناقصان نگرد دهر کز نخست
Ангушт кучакаст ки ҷой ҳисоб шуд
انگشت کوچک است که جای حساب شد
Аз тумтароқи ин гиреҳ тар матарс аз онк
از طمطراق این گره تر مترس از آنک
Бодаст кӯи дуҳули зани хайл саҳоб шуд
باد است کو دهل زن خیل سحاب شد
Бар қасри ақли номи ту хайри алтиўри гашт
بر قصر عقل نام تو خیر الطیور گشت
Дар тӣаи ҷаҳли хасми ту шар алдўоб шуд
در تیه جهل خصم تو شر الدواب شد
Гуфтӣ ки ёрб аз кафи озами халоси даҳ
گفتی که یارب از کف آزم خلاص ده
Омин чаҳ мекунӣ ки дуо мустаҷоб шуд
آمین چه میکنی که دعا مستجاب شد