Рӯем зи гиряи байн чу гулин коҳи зери об
رویم ز گریه بین چو گِلین کاهْ زیرِ آب
Аз шарм рӯй туаст рухи моҳи зери об
از شرم روی توست رخِ ماه زیر آب
Моҳии танӣ ва мекунӣ аз ашки ман гурез
ماهی تنی و میکنی از اشک من گریز
На моҳён кунанд ватани гоҳи зери об
نه ماهیان کنند وطن، گاه زیر آب
Неи неи тўрости узр ки машк ва меӣ баҳам
نی نی توراست عذر که مشک و میی به هم
Неи машк ва метаба шавад он гоҳи зери об
نی مُشک و مِیْ تبه شود آنگاه زیر آب
Тухм вафост донаи дил чун ба даст туаст
تخم وفاست دانهٔ دل چون به دست توست
Хоҳӣ ба зери хоки бунаи хоҳи зери об
خواهی به زیر خاک بنه خواه زیر آب
Дар ашки гарми ғарқаму онгоҳи сӯхта
در اشک گرم غرقم و آنگاه سوخته
Кас дид ғарқи сӯхта ба нигоҳи зери об
کس دید غرق، سوخته به نگاه زیر آب؟
Дарёи кашами зи чоҳи ғамат гар барорам оҳ
دریا کشم ز چاه غمت گر برآرم آه
Сӯзади наҳангро тпши оҳи зери аб
سوزد نهنگ را طپشِ آه زیر آب
Ҳамсоягони зи туфи дилами бркннди шамъ
همسایگان ز تف دلم برکنند شمع
Чун шуд чароғи рӯзи шабонгоҳи зери об
چون شد چراغ روز شبانگاه زیر آب
Гарем чунон ки аз дами дарёии чашми ман
گریم چنان که از دم دریای چشم من
Ҳар гӯш моҳе шавад огоҳи зери аб
هر گوش ماهیی شود آگاه زیر آب
Обам бирафт вагар шунӯди санги оҳи ман
آبم برفت و گر شنود سنگ آه من
Аз санг бишинаванд алии аллоҳи зери об
از سنگ بشنوند علیالله زیر آب
эй дар обдори ҷавонии зи печу хам
ای دُرّ آبدار جوانی ز پیچ و خم
Дар об шуд зи шарми ту сад роҳи зери об
در آب شد ز شرم تو صد راه زیر آب
Ҳоли ман ва ту аз ман ва ту давр нест зонк
حال من و تو از من و تو دور نیست زآنک
Ту оби зери коҳӣ ва ман коҳи зери об
تو آب زیر کاهی و من کاه زیر آب
Хоқонё ба чоҳи фурӯи гӯии рози дил
خاقانیا به چاه فرو گوی راز دل
Каз дӯсти роздортар он чоҳи зери об
کز دوست رازدارتر آن چاه زیر آب