Хушо субҳу сабӯҳӣ бо ҳамалон

خوشا صبح و صبوحی با هُمالان

Назар бар талъати фархундаи фолон

نظر بر طلعت فرخنده فالان

Худовандо бидиҳ сабрии ҷамилам

خداوندا بده صبری جمیلم

Ки май ншкибм аз соҳиби ҷамолон

که می‌نشکیبم از صاحب جمالان

Хаёласт ин гуҳи баргардами зи хубон

خیالست این که برگردم ز خوبان

Чу дарвеш аз дар дарёи нўолон

چو درویش از در دریا نوالان

Дилам чун гесуӣ ӯ бар камар дид

دلم چون گیسوی او بر کمر دید

Чу ваҳшӣ шуд шикори кӯҳи молон

چو وحشی شد شکار کوه مالان

Гуҳӣ каз Козирӯн риҳлат гузинам

گهی کز کازرون رحلت گزینم

Бинолад аз фиғонами кӯҳи нолон

بنالد از فغانم کوه نالان

Ғарибонро чаро бояд ки бенанд

غریبان را چرا باید که بینند

Бичишам мнқсти соҳиби камолон

به چشم منقصت صاحب کمالان

Хато бошад ки чашми трктозт

خطا باشد که چشم ترکتازت

Дил мардум кунад якбораи толон

دل مردم کند یکباره تالان

Магари зулфи ту зон ошуфта ҳоласт

مگر زلف تو زان آشفته حالست

Ки дар тобанд азуи ошуфтаи ҳолон

که در تابند ازو آشفته حالان

Чунон мурғи дилам дар қайдат афтод

چنان مرغ دلم در قیدت افتاد

Ки Кебекони дарӣ дар чанги долон

که کبکان دری در چنگ دالان

Уқоби тез пуркӣ боз гардад

عقاب تیز پر کی باز گردد

Баҳри бозии зи сайди хастаи болон

به هر بازی ز صید خسته بالان

Ғазал хоҷу бигӯед бар ғизола

غزل خواجو بگوید بر غزاله

Магар бар оҳӯии чашми ғизолон

مگر بر آهوی چشم غزالان