Ғарра ӣ моҳи ҷузи он оризи шаҳр оро нест
غرّه ی ماه جز آن عارض شهر آرا نیست
Шохи шамшод чу он қомати сарв осо нест
شاخ شمشاد چو آن قامت سرو آسا نیست
Рӯҳ бахшаст насими нафаси боди баҳор
روح بخشست نسیم نفس باد بهار
Лек чун накҳати анфоси ту рӯҳ афзо нест
لیک چون نکهت انفاس تو روح افزا نیست
Боғу саҳро агар аз равза ӣ ризвон бобӣаст
باغ و صحرا اگر از روضه ی رضوان بابیست
Бе ту моро ҳаваси боғу сар саҳро нест
بی تو ما را هوس باغ و سر صحرا نیست
Дар чамани сарви сарафроз ки кораш болост
در چمن سرو سرافراز که کارش بالاست
Сарфарозаст вале чун ту сеӣ боло нест
سرفرازست ولی چون تو سهی بالا نیست
Гарчи донам ки ту дории дили ришами ёро
گرچه دانم که تو داری دل ریشم یارا
Бо ту чун фош бигӯям ки маро ёро нест
با تو چون فاش بگویم که مرا یارا نیست
Бар вуҷӯдами бхёли сари зулфи сияҳат
بر وجودم بخیال سر زلف سیهت
Нест мўӣӣ ки дарави ҳалқаи ӣӣ аз савдо нест
نیست موئی که درو حلقه ئی از سودا نیست
Имшаб аз дасти мадаи вақту з фардо бигузар
امشب از دست مده وقت و ز فردا بگذر
Ки шаби тира ӣ савдо задаро фардо нест
که شب تیره ی سودا زده را فردا نیست
Чанд гўӣӣ ки зи гесуӣ батон даст бидор
چند گوئی که ز گیسوی بتان دست بدار
Ки туро қисса дарозасту маро парво нест
که ترا قصه درازست و مرا پروا نیست
Муддатӣ шуд ки зи дили ном ва нишон нишнидам
مدتی شد که ز دل نام و نشان نشنیدم
Зонк умрӣаст казу ному нишон пайдо нест
زانک عمریست کزو نام و نشان پیدا نیست
Зишт хўӣӣ напасанданд зи арбоби ҷамол
زشت خوئی نپسندند ز ارباب جمال
Конк зебост азуи одати бад зебо нест
کانک زیباست ازو عادت بد زیبا نیست
То шудӣ ҳалқа бигӯаш лаби лаълаши хоҷу
تا شدی حلقه بگوش لب لعلش خواجو
Кист кӯи лؤлؤии алфози туро лоло нест
کیست کو لؤلؤی الفاظ ترا لالا نیست