Ёри собити қадам инак зи сафар боз омад

یار ثابت قدم اینک ز سفر باز آمد

Вагар аз пой дар афтод басар боз омад

وگر از پای در افتاد بسر باز آمد

Зоҳир онаст казин пас гуҳар арзон гардад

ظاهر آنست کزین پس گهر ارزان گردد

Ки чу дарё шуд ва чун кони гуҳар боз омад

که چو دریا شد و چون کان گهر باز آمد

Онк дар руста ӣ бозори вафо зар мезад

آنک در رسته ی بازار وفا زر میزد

Дар рухи хеш назар карду ззр боз омад

در رخ خویش نظر کرد و ززر باز آمد

Гарчи тӯтии зи шукри неки бтнги омада буд

گرچه طوطی ز شکر نیک بتنگ آمده بود

Дигар аз орзӯии танги шукр боз омад

دگر از آرزوی تنگ شکر باز آمد

Булбули масти нигари боз ки чун боди баҳор

بلبل مست نگر باز که چون باد بهار

Бҳўои саману сунбултар боз омад

بهوای سمن و سنبل تر باز آمد

Шамъи кӯи маҷлиси асҳоб мунаввар ме дошт

شمع کو مجلس اصحاب منوّر می داشت

Бо дилии тофтау сӯзи ҷигар боз омад

با دلی تافته و سوز جگر باز آمد

Хоксорӣ ки шуд оби Рахш аз гиря баравад

خاکساری که شد آب رخش از گریه برود

Ҳамчу оташ шуд ва чун боди саҳар боз омад

همچو آتش شد و چون باد سحر باز آمد

Муддатигар бзрўрти зи назари ғоиби гашт

مدتی گر بضرورت ز نظر غایب گشت

МФкнидши зи назар чун баназар боз омад

مفکنیدش ز نظر چون بنظر باز آمد

Ҳар ки ӯро қадамӣ буд чу хоҷуро дид

هر که او را قدمی بود چو خواجو را دید

Гуфт кони ёри қадами дор дигар боз омад

گفت کان یار قدم دار دگر باز آمد