Зиҳии тории зулфати машки тотор
زهی تاری زلفت مشک تاتار
Гул рӯй ту бардаи оби гулнор
گل روی تو برده آب گلنار
Аз он пӯшами рух аз зулфат ки гӯйанд
از آن پوشم رخ از زلفت که گویند
Наме бояд намӯдани зари бтрор
نمی باید نمودن زر بطرّار
Буд белаъл ҳамчун нордонат
بود بی لعل همچون ناردانت
Дилами пари нору ашками дона ӣ нор
دلم پر نار و اشکم دانه ی نار
Агар новак намеандозад аз чист
اگر ناوک نمی اندازد از چیست
Камони пайваста бар болини бемор
کمان پیوسته بر بالین بیمار
Чу айн фитна шуд чашм ту чунаст
چو عین فتنه شد چشم تو چونست
Ки доим хуфтаасту фитнаи бедор
که دائم خفته است و فتنه بیدار
Ду чашми сайли бор ва рӯй зардам
دو چشم سیل بار و روی زردم
Шуд ин равадовар ва он заъфарони зор
شد این رود آور و آن زعفران زار
Марои бут қиблаасту дайри масҷид
مرا بت قبله است و دیر مسجد
Маро мезамзамасту каъбаи хумор
مرا می زمزمست و کعبه خمّار
Дили пари дардро дардасти дармон
دل پر درد را دردست درمان
Тани беморро ранҷаст тимор
تن بیمار را رنجست تیمار
Чу анфоси абири афшони хоҷу
چو انفاس عبیر افشان خواجو
Надорад нофаи ӣӣ дар таблаи аттор
ندارد نافه ئی در طبله عطّار