Ёр наздик омад ва аз хеши моро даври сохт
یار نزدیک آمد و از خویش ما را دور ساخت
Партави нури таҷаллии сояҳоро нури сохт
پرتو نور تجلی سایه ها را نور ساخت
Зарраро гуфтам ту хокии ин чаҳ ном ва шӯҳрат аст
ذره را گفتم تو خاکی این چه نام و شهرت است
Гуфт ишқи офтобам инчунин машҳури сохт
گفت عشق آفتابم اینچنین مشهور ساخت
Зоҳиру пинҳон аз он каз даҳону чашми хеш
ظاهر و پنهان از آن کز دهان و چشم خویش
Гуҳ чу наргиси масту гуҳ чун ғунчаам мастури сохт
گه چو نرگس مست و گه چون غنچه ام مستور ساخت
Ақли гуфтои хону монати боз вайрон кард ишқ
عقل گفتا خان و مانت باز ویران کرد عشق
Гуфтам эй нодон чаҳ вайрони ин замони маъмури сохт
گفتم ای نادان چه ویران این زمان معمور ساخت
Ноз дил ҷӯяд кабоб аз дидаи гирёни шароб
ناز دل جوید کباب از دیده گریان شراب
Чашмро сар маст карду ғамзаро махмури сохт
چشم را سر مست کرد و غمزه را مخمور ساخت
Сохт аз б шрбнии баҳри шифои хастагон
ساخت از ب شربنی بهر شفای خستگان
Турфаи шарбати корзўиши тозаро ранҷури сохт
طرفه شربت کآرزویش تازه را رنجور ساخت
Шамъи маҷлис буд давр аз рӯй ӯ гўӣии камол
شمع مجلس بود دور از روی او گوئی کمال
Кари нахусташи сӯхт аз наздику охири даври сохт
کر نخستش سوخت از نزدیک و آخر دور ساخت