Афтод дил аз пой ва надонам з чаҳ афтод
افتاد دل از پای و ندانم ز چه افتاد
Фарёди зи шухӣ ки малуласт зи фарёд
فریاد ز شوخی که ملول است ز فریاد
Ҳар хона ки дар кӯии тараби сохта будем
هر خانه که در کوی طرب ساخته بودیم
Сайлоб ғамаш омад ва бар кунад зи бунёд
سیلاب غمش آمد و بر کند ز بنیاد
Гуяд ба рақибон ки фаромӯш кунедаш
گوید به رقیبان که فراموش کنیدش
Бингар бача фан мекунад аз ошиқи худ бод
بنگر بچه فن می کند از عاشق خود باد
Маҷнӯн чаҳ кунад кин кашиш аз ҷониби аилист
مجنون چه کند کاین کشش از جانب ایلیست
Гар майли нмидиди дил аз даст наме дод
گر میل نمیدید دل از دست نمی داد
Манъам макунед аз лаби ширин ки дар охир
منعم مکنید از لب شیرین که در آخر
Гаштанди пушаймони ҳама аз куштани Фарҳод
گشتند پشیمان همه از کشتن فرهاد
Фарҳод ба ҷузи санг наме сифт ва ман имрӯз
فرهاد به جز سنگ نمی سفت و من امروز
Дар суфтаам аз ишқ ба байни санъати устод
در سفته ام از عشق به بین صنعت استاد
Бифирист ба хоразми камоли ин ҳамаи дарра
بفرست به خوارزم کمال این همه دره
Гази шавқи бғлтнаҳ ба овози гуҳари зод
گز شوق بغلطنه به آواز گهر زاد