эй равони гирд дарат ашки равони пайваста
ای روان گرد درت اشک روان پیوسته
Ба фалак бе ту марои оҳу фиғони пайваста
به فلک بی تو مرا آه و فغان پیوسته
Дар чаман чун варақи оризу рухсор ту нест
در چمن چون ورق عارض و رخسار تو نیست
Гули сурхи ин ҳама бар сарви равони пайваста
گل سرخ این همه بر سرو روان پیوسته
То лабами пой нав бӯседу забони номи ту барад
تا لبم پای نو بوسید و زبان نام تو برد
Ин ҷудои шукр ту мегуяд ва он пайваста
این جدا شکر تو می گوید و آن پیوسته
То ба тири мижаи дил сайд кунӣ аз чапу рост
تا به تیر مژه دل صید کنی از چپ و راست
зи абрувони чашм ту дорад ду камони пайваста
ز ابروان چشم تو دارد دو کمان پیوسته
Хоки пои ту зи сад майли маро дар назар аст
خاک پای تو ز صد میل مرا در نظر است
Боди он серума ба чашми нигарони пайваста
باد آن سرمه به چشم نگران پیوسته
Дар даҳони ҷои ҳадис дгарӣ нест ки ҳаст
در دهان جای حدیث دگری نیست که هست
Сухани он лабу дандон ба забони пайваста
سخن آن لب و دندان به زبان پیوسته
Ба висоли лаб ӯ ёфта то ҷустаи камол
به وصال لب او یافته تا جسته کمال
Зиндагонӣ чу тан гашта ба ҷони пайваста
زندگانی چو تن گشته به جان پیوسته