Гул омаду зи дӯст сабое наме расад
گل آمد و ز دوست صبایی نمیرسد
зи боғи васл мҳргёиӣ наме расад
ز باغ وصل مهرگیایی نمیرسد
Ҳангоми барги рез ҳаётам шуд ва ҳануз
هنگام برگ ریز حیاتم شد و هنوز
Зон навбаҳори ҳасан сабое наме расад
زان نوبهار حسن صبایی نمیرسد
Мо бо сумуми бодияи ҳиҷр ҳам хушем
ما با سموم بادیه هجر هم خوشیم
Гар зон шукуфаи буи вафое наме расад
گر زان شکوفه بوی وفایی نمیرسد
Ман чун зем ки ҳеҷ шабӣ нест кин тараф
من چون زیم که هیچ شبی نیست کاین طرف
Зон ғамзаи корвон балое наме расад
زان غمزه کاروان بلایی نمیرسد
Султон ба хоби ноз чаҳ огаҳи зи халқ , чун
سلطان به خواب ناز چه آگه ز خلق، چون
Дар гӯш ӯ фиғон гадоӣ наме расад
در گوش او فغان گدایی نمیرسد
Дар ганҷи ғайби нақди таманнои басии сет , лек
در گنج غیب نقد تمنا بسیست، لیک
Моро ба чархи даст дуое наме расад
ما را به چرخ دست دعایی نمیرسد
Дарди турои ҳаёти абади бод дар дилам
درد ترا حیات ابد باد در دلم
Кон ҳам давост , гарчи давое наме расад
کان هم دواست، گرچه دوایی نمیرسد
Кӯшам ки сари нуҳум ба дарат , лек чун кунам
کوشم که سر نهم به درت، لیک چون کنم
Мардум ба ҷаҳди хеш ба ҷое наме расад
مردم به جهد خویش به جایی نمیرسد
Гар хсрўо , ба васли сазои нестӣ , маранҷ
گر خسروا، به وصل سزا نیستی، مرنج
Малики сарон ба бесар ва пое наме расад
ملک سران به بیسر و پایی نمیرسد