Гузашти он ки ман сабру дайни доштам

گذشت آن که من صبر و دین داشتم

Ту гӯйӣ , на он ва на ин доштам

تو گویی، نه آن و نه این داشتم

Ҳаме рафту побӯс Зуҳра набӯд

همی رفت و پابوس زهره نبود

Ҳам аз даври рӯ бар замини доштам

هم از دور رو بر زمین داشتم

Бидидам дар он пояи зиндагӣ

بدیدم در آن پایه زندگی

Ки ман мурдани худ яқини доштам

که من مردن خود یقین داشتم

Рақибаши з нангам нагашт , ар на ман

رقیبش ز ننگم نگشت، ار نه من

Сару теғ дар остини доштам

سر و تیغ در آستین داشتم

Ба ёдаши зи хуршед май сӯхтам

به یادش ز خورشید می سوختم

Ҳамин соя Эй ҳамнишин доштам

همین سایه ای همنشین داشتم

Мсўз аз гумон сабурем , азонк

مسوز از گمان صبوریم، ازآنک

Намонад он ки ман пеши азин доштам

نماند آن که من پیش ازین داشتم

Фитодам ба чоҳи занах ,гар чаҳ ман

فتادم به چاه زنخ، گر چه من

Чу хусрави дилии дурбини доштам

چو خسرو دلی دوربین داشتم