Дилам ки сӯхти зи ишқаши чароғи ҷон манаст он
دلم که سوخت ز عشقش چراغ جان من است آن
Ғубор каз ту расад нури дидагон манаст он
غبار کز تو رسد نور دیدگان من است آن
Мсўзи ҷон дигар ошиқон бидон ғами худ
مسوز جان دگر عاشقان بدان غم خود
Ки ман з рашк бамурдам ки ҳақи ҷон манаст он
که من ز رشک بمردم که حق جان من است آن
Ҷафост зи он ту мекун , бимири гӯ чу раҳеи сад
جفاست ز آن تو می کن، بمیر گو چو رهی صد
Вафо макун ки на зи он ту он , аз он манаст он
وفا مکن که نه ز آن تو آن، از آن من است آن
Бар остонат ки ҳолеи зи хӯн дида навиштам
بر آستانت که حالی ز خون دیده نوشتم
Бихон ки дард фазояд ки достон манаст он
بخوان که درد فزاید که داستان من است آن
Ба хоки кӯии ту мардум ки хостам ба дуои ман
به خاک کوی تو مردم که خواستم به دعا من
Ту ном аҷал наҳйу умри ҷовдон манаст он
تو نام اجل نهی و عمر جاودان من است آن
Шуд ар чаҳ хори муғелони зи ҳиҷри бистари хокам
شد ار چه خار مغیلان ز هجر بستر خاکم
Чу ёд медиҳадам аз ту , парниён манаст он
چو یاد می دهدم از تو، پرنیان من است آن
Агар чаҳ гӯшаи ғам нохушаст бар ҳама , лекин
اگر چه گوشه غم ناخوش است بر همه، لیکن
Чу дар хаёли туами боғу бӯстон манаст он
چو در خیال توام باغ و بوستان من است آن
Гар эй сабо , рӯй онҷо ба ҷон дуоаш бигӯе
گر ای صبا، روی آنجا به جان دعاش بگویی
зи ман валек , нагӯйӣ ки аз забон манаст он
ز من ولیک، نگویی که از زبان من است آن
Шавад ба роҳи ту хусрав чу хок то бинишонӣ
شود به راه تو خسرو چو خاک تا بنشانی
Ғубори по чу ндонӣ ки устихон манаст он
غبار پا چو ندانی که استخوان من است آن