Бози тарки масти ман оҳанг бозӣ ме кунад
باز ترک مست من آهنگ بازی میکند
Кас накарда сети онкии он тарк тарозӣ ме кунад
کس نکردهست آنکه آن ترک طرازی میکند
Зулф ӯро сар ба сари олам ба мӯе баста шуд
زلف او را سر به سر عالم به مویی بسته شد
Ҳиндӯеро байни казин сон трктозӣ ме кунад
هندویی را بین کزین سان ترکتازی میکند
Аз хаёлаш мондаам шарманда , кандар чашми ман
از خیالش ماندهام شرمنده، کاندر چشم من
Гуҳ гуҳӣ меояду мардум навозӣ ме кунад
گهگهی میآید و مردمنوازی میکند
Ҷуз ишорат нест сӯии лаъли ту моро зи давр
جز اشارت نیست سوی لعل تو ما را ز دور
Ҳамчуи ангуштӣ ки бар ҳалво дарозӣ ме кунад
همچو انگشتی که بر حلوا درازی میکند
Ҳарчӣ андар рӯй ту дуздида медорад назар
هرچه اندر روی تو دزدیده میدارد نظر
Мардуми чашмам ба хӯни хеш бозӣ ме кунад
مردم چشمم به خون خویش بازی میکند
намеравад дар хӯн ҳар саргаштае домани кашон
میرود در خون هر سرگشتهای دامنکشان
Пас ба оби чашми ман доман намозӣ ме кунад
پس به آب چشم من دامن نمازی میکند
Май пурд чун кофарон бар ҷони хусрав тохтан
میپرد چون کافران بر جان خسرو تاختن
Аз барои рағми номи хеш ғозӣ ме кунад
از برای رغم نام خویش غازی میکند