Чун тулӯъи он офтоб аз матлаъ иқбол кард
چون طلوع آن آفتاب از مطلع اقبال کرد
Монад тан аз шаафу ҷон аз завқ истиқбол кард
ماند تن از شعف و جان از ذوق استقبال کرد
Тарки мо нокарда аз баҳри сафари по дар рикоб
ترک ما ناکرده از بهر سفر پا در رکاب
Трктози лашгари ҳиҷрони маро помол кард
ترکتاز لشگر هجران مرا پامال کرد
Аввал аз эҳмоли даврон дар таваққуф буд кор
اول از اهمال دوران در توقف بود کار
Лек охири кори худ бахти сариъ иқбол кард
لیک آخر کار خود بخت سریع اقبال کرد
Бе гумони давлат ба майдони Рахши суръат май ҷаҳонад
بی گمان دولت به میدان رخش سرعت میجهاند
Дар ҷнибти бурданаш ҳарчанд давр эҳмол кард
در جنیبت بردنش هرچند دور اهمال کرد
Оташи моро чу мурғи номаовар сохт тез
آتش ما را چو مرغ نامهآور ساخت تیز
Мурғи ғамро бар сари мо бепар ва бебол кард
مرغ غم را بر سر ما بیپر و بیبال کرد
Он чунон ҳолам дигаргун шуд ки ҷон додам ба бод
آن چنان حالم دگرگون شد که جان دادم به باد
Зон навиди бигмонм чун сабо хушҳол кард
زان نوید بیگمانم چون صبا خوشحال کرد
Бар забони муҳташами сад шиква буд аз ҳиҷри ту
بر زبان محتشم صد شکوه بود از هجر تو
Муждаи васлати зи баси хушҳолӣ ӯро лол кард
مژدهٔ وصلت ز بس خوشحالی او را لال کرد