эй подшоҳи ҳасани турои чокари офтоб

ای پادشاه حسن ترا چاکر آفتاب

Дории ду рухи якяш мау дигари офтоб

داری دو رخ یکیش مه و دیگر آفتاب

На чун хатати бнкҳти ҷонбхши мшкноб

نه چون خطت بنکهت جانبخش مشکناب

На чун рахти брўшнии манзари офтоб

نه چون رخت بروشنی منظر آفتاب

Хатат кашида доираи анбарин бмоаҳ

خطت کشیده دایره عنبرین بماه

Холати ниҳодаи нуқтаи мишкӣн бар офтоб

خالت نهاده نقطه مشکین بر آفتاب

Бепардагар шӯй нанамоянд шому субҳ

بی پرده‌گر شوی ننمایند شام و صبح

Рӯй мнизи моҳу рухи анвари офтоб

روی منیز ماه و رخ انور آفتاب

Онӣ ки шому субҳи бпоити гуҳи нисор

آنی که شام و صبح بپایت گه نثار

Пошидаи сими моҳу фишондаи зари офтоб

پاشیده سیم ماه و فشانده زر آفتاب

Қсристи манзари туу моҳии рахт ки ҳаст

قصریست منظر تو و ماهی رخت که هست

Зони музтариби сипеҳри вазин музтари офтоб

زآن مضطرب سپهر وزین مضطر آفتاب

Рӯй ту хӯни гушӯдаи зи чашмам вале занад

روی تو خون گشوده ز چشمم ولی زند

Бар дида нзоргён нашутур офтоб

بر دیده نظارگیان نشتر آفتاب

Бартарафи он дӯзах набӯд хат ки хӯрда аст

برطرف آن دوزخ نبود خط که خورده است

Дар машки моҳи ъўтаҳ ва дар анбари офтоб

در مشک ماه عوطه و در عنبر آفتاب

Нанаҳуфтааст зулфи рахтро ки зоғи шаб

ننهفته است زلف رخت را که زاغ شب

Оварда ҷои байза ба зери пари офтоб

آورده جای بیضه به زیر پر آفتاب

Гулҳо тамоми хор ва ту гулгуни изори гул

گلها تمام خار و تو گلگون عذار گل

Хубони ситора ва ту блндохтри офтоб

خوبان ستاره و تو بلنداختر آفتاب

Пеши ту меҳр кист ки ҳасани туро буд

پیش تو مهر کیست که حسن ترا بود

Дафтари нуҷуми фардӣ аз ин дафтари офтоб

دفتر نجوم فردی از این دفتر آفتاب

Бар асби нилгун чу броӣӣ сазад зи рашк

بر اسب نیلگون چو برآئی سزد ز رشک

Ояд фурӯди азин тели хокистари офтоб

آید فرود ازین تل خاکستر آفتاب

Танҳо манам на хаста дардат харида анд

تنها منم نه خسته دردت خریده‌اند

эй аз ғами ту чу маи нави лоғари офтоб

ای از غم تو چو مه نو لاغر آفتاب

Дарди турои бҷони фалак ва бар равони малик

درد ترا بجان فلک و بر روان ملک

Доғи туро ба тани ма ва бар пайкари офтоб

داغ ترا به تن مه و بر پیکر آفتاب

Аз ман мадори партави лутфи ӣнқадари дареғ

از من مدار پرتو لطف اینقدر دریغ

эй ту ба бохтари ма ва дар ховари офтоб

ای تو به باختر مه و در خاور آفتاب

Вар на барам шикояти ту назд хусравӣ

ور نه برم شکایت تو نزد خسروی

Кӯро сипеҳри банда буд чокари офтоб

کو را سپهر بنده بود چاکر آفتاب

Султони дайни ҳасан ки зи лутф ъмим ӯст

سلطان دین حسن که ز لطف عمیم اوست

Дар маъдани вуҷӯди гуҳарпарвар офтоб

در معدن وجود گهر پرور آفتاب

Хуршеди осмони набӣ ва вале ки ҳаст

خورشید آسمان نبی و ولی که هست

ӯ ахтару алии мау пайғамбари офтоб

او اختر و علی مه و پیغمبر آفتاب

Саргарми мадҳ ӯ на манам комад аз азал

سرگرم مدح او نه منم کامد از ازل

Мадҳатгараш сипеҳру сногстри офтоб

مدحت گرش سپهر و ثناگستر آفتاب

Ҷо дорад ар зи ҳасрати ангушт ӯ кунад

جا دارد ار ز حسرت انگشت او کند

Қолаби тиҳӣ чу ҳалқаи ангуштари офтоб

قالب تهی چو حلقهٔ انگشتر آفتاب

Набӯдгар аз ишораи ҳукмаш чаҳ сон равад

نبود گر از اشاره حکمش چه سان رود

Икшби зи бохтари басӯии ховари офтоб

یکشب ز باختر بسوی خاور آفتاب

Зини шоҳи тоҷдору гиромии бародараш

زین شاه تاجدار و گرامی برادرش

Гар рух зананд таънаи хӯбӣ бар офтоб

گر رخ زنند طعنه خوبی بر آفتاب

Ғайр аз ҷаноби Фотима ( ъ ) дар гулшани вуҷӯд

غیر از جناب فاطمه(ع) در گلشن وجود

Нахлӣ ки дид ки борамаи орад бар офтоб

نخلی که دید که بارمه آرد بر آفتاب

Гетӣ фурӯз матлаъӣ аз ҷайб хома ам

گیتی فروز مطلعی از جیب خامه‌ام

Сар зад чунонкӣ аз фалаки ахзари офтоб

سر زد چنانکه از فلک اخضر آفتاب

Он ба ки дар ҳузури шаҳи орм чу зарра Эй

آن به که در حضور شه آرم چو ذره‌ای

Кӯи тӯҳфа сано гузаронад бар офтоб

کو تحفه ثنا گذراند بر آفتاب

эй пеши боргоҳи ту хизматгар офтоб

ای پیش بارگاه تو خدمت‌گر آفتاب

Манзари турои сипеҳр ва ту дар манзари офтоб

منظر ترا سپهر و تو در منظر آفتاب

Он хусравӣ ки зебад агар баҳрат оварад

آن خسروی که زیبد اگر بهرت آورد

Тахти осмони кулоҳи мау афсари офтоб

تخت آسمان کلاه مه و افسر آفتاب

Ту нохудои баҳри вуҷӯдӣу бошиддат

تو ناخدای بحر وجودی و باشدت

Дарёи ҷаҳони сафинаи фалаки лашкари офтоб

دریا جهان سفینه فلک لشکر آفتاب

Набӯд аҷаб ки баҳраи зи файзати набарди хасм

نبود عجب که بهره ز فیضت نبرد خصم

Санги сиёҳро бикунади гавҳари офтоб

سنگ سیاه را بکند گوهر آفتاب

Равшан кунад дами ту ҷаҳонро ки дар дилат

روشن کند دم تو جهان را که در دلت

Ҳамчун замири субҳ буд мзмри офтоб

همچون ضمیر صبح بود مضمر آفتاب

Баси Хизри толиби ту шабу рӯзи нури ту

بس خضر طالب تو شب و روز نور تو

Гӯ набӯдаш далели мау раҳбари офтоб

گو نبودش دلیل مه و رهبر آفتاب

Оташ занад ба хирмани аъдо ки рӯзи разм

آتش زند به خرمن اعدا که روز رزم

Сӯзанда теғи тест чу дар маҳшари офтоб

سوزنده تیغ تست چو در محشر آفتاب

Лшкргҳӣ ки ҷой ту бошад дар он миён

لشکرگهی که جای تو باشد در آن میان

Чун дар миёнаи сипаҳи ахтари офтоб

چون در میانه سپه اختر آفتاب

Ояд бидида арсаи гардун ки андрў

آید بدیده عرصه گردون که اندرو

Лашкар буд нуҷуму сарлашкари офтоб

لشکر بود نجوم و سرلشکر آفتاب

Ҷӯям чу нури файзи куҷо аз дарат рӯм

جویم چو نور فیض کجا از درت روم

эй остони ҷони турои чокари офтоб

ای آستان جان ترا چاکر آفتاب

Ҷоӣӣ ки ғайр ту бошад фурӯғ нест

جائی که غیر تو باشد فروغ نیست

Вонҷо ки ҷои тести зи сартосари офтоб

وآنجا که جای تست ز سرتاسر آفتاب

Бар май кашони зи лутфи ту акнӯн ҳаме диҳад

بر می کشان ز لطف تو اکنون همی دهد

Чун соқёни шароби зи ҷоми зари офтоб

چون ساقیان شراب ز جام زر آفتاب

Майхонаи сахои туро аз азал буд

میخانه سخای تو را از ازل بود

Соқии қазоу шишаи фалаки соғари офтоб

ساقی قضا و شیشه فلک ساغر آفتاب

Гар қаҳрат аз замона кунад манъи равшанӣ

گر قهرت از زمانه کند منع روشنی

эй аз каманди ҳукми ту дар чанбари офтоб

ای از کمند حکم تو در چنبر آفتاب

На аз фалаки бшоми намояди изори моҳ

نه از فلک بشام نماید عذار ماه

На зосмон ба субҳи براردи сари офтоб

نه زآسمان به صبح برآرد سر آفتاب

Аз файзи шомили ду кафи зарафшони ту

از فیض شامل دو کف زرافشان تو

эй кам ҷаҳони зи нури сахоят дар офтоб

ای کم جهان ز نور سخایت در آفتاب

Ҷӯаду карами ду тоири заррин буд ки ҳаст

جود و کرم دو طایر زرین بود که هست

Он шоҳболи моҳаш ва ин шҳпри офтоб

آن شاهبال ماهش و این شهپر آفتاب

Шоҳои манам ки аз паии хунрезӣам ба каф

شاها منم که از پی خونریزیم به کف

Ҳар бомдод ҷилва диҳад ханҷари офтоб

هر بامداد جلوه دهد خنجر آفتاب

Доим ба чораи ҷўӣии бахти сиёҳи хеш

دائم به چاره‌جوئی بخت سیاه خویش

Ҷӯям дарин ҳдиқаҳ чу нилӯфари офтоб

جویم درین حدیقه چو نیلوفر آفتاب

Дар маъдани вуҷӯд на ёқӯтам ва на лаъл

در معدن وجود نه یاقوتم و نه لعل

То риздм ба ҷом май аҳмари офтоб

تا ریزدم به جام می احمر آفتاب

Бар зарраам ту пуртӯии афкан ки он фурӯғ

بر ذره‌ام تو پرتوی‌ افکن که آن فروغ

Гоҳе ба моҳ таъна занад гуҳ бар офтоб

گاهی به ماه طعنه زند گه بر آفتاب

Вақт дуост аз паии омин ситода анд

وقت دعاست از پی آمین ستاده‌اند

Дар иктрФи мау тарафи дигари офтоб

در یکطرف مه و طرف دیگر آفتاب

Уфтад зи дасти ҷоми муроди мухолифат

افتد ز دست جام مراد مخالفت

То шоми афканд ба замини соғари офтоб

تا شام افکند به زمین ساغر آفتاب

Гардад баланди кавкаби бахти мؤолФт

گردد بلند کوکب بخت مؤالفت

То субҳ аз сипеҳри براردи сари офтоб

تا صبح از سپهر برآرد سر آفتاب