Дар ин мақом агар май мақом бояд кард
در این مقام اگر می مقام باید کرد
Бакори хеши накӯтар қиём бояд кард
بکار خویش نکوتر قیام باید کرد
Ба ҳарчӣ хўштрт ояд зномҳо , тан ро
به هرچه خوشترت آید زنامها، تن را
Ба феъл хеш бидон номи ном бояд кард
به فعل خویش بدان نام نام باید کرد
Ки номи некӯ мурғасту феъли некаши дом
که نام نیکو مرغ است و فعل نیکش دام
ЗФъли хеш бар ин мурғи дом бояд кард
زفعل خویش بر این مرغ دام باید کرد
Зхўии неку хирад дар раҳи муруввату фазл
زخوی نیک و خرد در ره مروت و فضل
Мари аспи танро зину лагом бояд кард
مر اسپ تن را زین و لگام باید کرد
Бад-ӣни лагому бад-ӣни зинати нафаси бдхў ро
بدین لگام و بدین زینت نفس بدخو را
Дар ин мақоми ҳамеи нарму ром бояд кард
در این مقام همی نرم و رام باید کرد
Агар дилат бишкастааст санги маъсияташ
اگر دلت بشکسته است سنگ معصیتش
Дили шикаста ба тоъати лаҷом бояд кард
دل شکسته به طاعت لجام باید کرد
Агар саломати хоҳии зи ҷаҳл бар дар ақл
اگر سلامت خواهی ز جهل بر در عقل
Салом бояд карду мақом бояд кард
سلام باید کرد و مقام باید کرد
Агар хирад набӯд , аз ду бад надонад кас
اگر خرد نبود، از دو بد نداند کس
Ба зоти хеш ки ӯро кадом бояд кард
به ذات خویش که او را کدام باید کرد
Вагар Карим шавад орзӯати ному лақаб
وگر کریم شود آرزوت نام و لقب
Карими вори фаъоли киром бояд кард
کریموار فعال کرام باید کرد
Ҷафоу ҷавру ҳасадро ба табъ дар дили хеш
جفا و جور و حسد را به طبع در دل خویش
НФўру зишту баду сарду хом бояд кард
نفور و زشت و بد و سرد و خام باید کرد
Чу бар ту даҳр ба офоти худ зҳом кунад
چو بر تو دهر به آفات خود زحام کند
Туро зи сабр ба дил бар зҳом бояд кард
تو را ز صبر به دل بر زحام باید کرد
Вагар ба ғдри ҷаҳон бар ту қасд чошт кунад
وگر به غدر جهان بر تو قصد چاشت کند
Туро ба сабр бирав қасди шом бояд кард
تو را به صبر برو قصد شام باید کرد
Ба феъли нек ва ба гуфтори хуби пушти аду
به فعل نیک و به گفتار خوب پشت عدو
Чу оқилони ҷаҳони зери бом бояд кард
چو عاقلان جهان زیر بام باید کرد
Сафеҳро ба сафоҳати ҷавоби бози мада
سفیه را به سفاهت جواب باز مده
з бевафо ба вафои интиқом бояд кард
ز بیوفا به وفا انتقام باید کرد
Вагар замона ба гиреҳгӣ диҳад анонаш ро
و گر زمانه به گرگی دهد عنانش را
Бирав зи баҳри саломати салом бояд кард
برو ز بهر سلامت سلام باید کرد
Вгрчаҳи хоси буи , хештани зи баҳри салоҳ
وگرچه خاص بوی، خویشتن ز بهر صلاح
Миёни ом чу эшонат ом бояд кард
میان عام چو ایشانت عام باید کرد
Ба қасду амд чу чизе ҳалол дорад даҳр
به قصد و عمد چو چیزی حلال دارد دهر
Ба сӯии хеши мари онро ҳаром бояд кард
به سوی خویش مر آن را حرام باید کرد
Ҷаҳон ба мардуми доно тамом хоҳад шуд
جهان به مردم دانا تمام خواهد شد
Пас ин маро ва туро май тамом бояд кард
پس این مرا و تو را می تمام باید کرد
Ба боғи дайни ҳақи андари зи баҳри бори хирад
به باغ دین حق اندر ز بهر بار خرد
Забонатро ба баён чун ғмом бояд кард
زبانت را به بیان چون غمام باید کرد
Рух аз набед масоил ба зери гулбуни илм
رخ از نبید مسائل به زیر گلبن علم
Ба қолу қили туро лаъли фом бояд кард
به قال و قیل تو را لعل فام باید کرد
Ба ҳарби аҳли залолати зи баҳри куштани ҷаҳл
به حرب اهل ضلالت ز بهر کشتن جهل
Суханатро чу барандаи ҳисом бояд кард
سخنت را چو برنده حسام باید کرد
Камонати хотиру ҳуҷҷати сипарат бояд сохт
کمانت خاطر و حجت سپرت باید ساخت
зи нуктаҳои наводири саҳҳом бояд кард
ز نکتههای نوادر سهام باید کرد
Чу носибии муъаррабад дилоамхоҳад сохт
چو ناصبی معربد دلام خواهد ساخت
Туро ҷазои дломш дилоам бояд кард
تو را جزای دلامش دلام باید کرد
Мусофиранд ҳамаи халқ ва нестанд огоҳ
مسافرند همه خلق و نیستند آگاه
Ки менавой шаробу таом бояд кард
که می نوای شراب و طعام باید کرد
зи баҳр кардани бедори ҷамъи мисатон ро
ز بهر کردن بیدار جمع مستان را
Яке мунодии бартарафи бом бояд кард
یکی منادی برطرف بام باید کرد
Ки « чанд хспид эй биҳшон чу вақт омад
که «چند خسپید ای بیهشان چو وقت آمد
Ки теғи ҷаҳли ҳаме дар ниёам бояд кард »
که تیغ جهل همی در نیام باید کرد»
Бкому ноком аз баҳри зоди роҳи дароз
بکام و ناکام از بهر زاد راه دراز
Замин ба зери кяти зери гом бояд кард
زمین به زیر کیت زیر گام باید کرد
Ба зери оташи андешаи зод бояд пухт
به زیر آتش اندیشه زاد باید پخت
Зълми ҳақи забонро зимом бояд кард
زعلم حق زبان را زمام باید کرد
Чу бе Низомии дайнро низом хоҳӣ дод
چو بینظامی دین را نظام خواهی داد
Низоми динии дун бенизом бояд кард
نظام دینی دون بینظام باید کرد
Забонат асп кунӣ чунат роҳ бояд рафт
زبانت اسپ کنی چونت راه باید رفت
Бгоҳ ташнаи кафи дасти ҷом бояд кард
بگاه تشنه کف دست جام باید کرد
Чаро чу сӯии ту номаи паёми бифиристад
چرا چو سوی تو نامه پیام بفرستد
Туро ба ҳар каси номаи паём бояд кард ?
تو را به هر کس نامه پیام باید کرد؟
Агар касеро аспаст ё ғуломи ту ро
اگر کسی را اسپ است یا غلام تو را
Равонати бандаи аспу ғулом бояд кард ?
روانت بندهٔ اسپ و غلام باید کرد؟
Гар об рӯй ҳаме боядат , қаноат ро
گر آب روی همی بایدت، قناعت را
Чу ман ба неку бади андари эмом бояд кард
چو من به نیک و بد اندر امام باید کرد
Вагарнаи ҳамчуи фалону фалон ба бе шармӣ
وگرنه همچو فلان و فلان به بیشرمی
Ба пеши халқи рухон чун рухом бояд кард
به پیش خلق رخان چون رخام باید کرد
Маҳол бошад агар мари Каримро ба тамаъ
محال باشد اگر مر کریم را به طمع
Саноӣ бехирадону лоам бояд кард
ثنای بیخردان و لام باید کرد
Ҷаҳони пар аз хасу пурхору пари вароам шуда аст
جهان پر از خس و پرخار و پر ورام شدهاست
Туро каломи ҳаме бевароам бояд кард
تو را کلام همی بیورام باید کرد
Вагар насиҳатро рӯй нест , хомӯшӣ
وگر نصیحت را روی نیست، خاموشی
зи неку бадат ба бурҳони лсом бояд кард
ز نیک و بدت به برهان لثام باید کرد
Ба зоди ин сафарат сахт кӯш бояд буд
به زاد این سفرت سخت کوش باید بود
Ки ин ҳамеи сӯии доруссалом бояд кард
که این همی سوی دارالسلام باید کرد
Биҷавии эмоми ҳамуммӣ аз аҳли байти расӯл
بجوی امام همامی از اهلبیت رسول
Ки хештанати чуну майҳамам бояд кард
که خویشتنت چنو می همام باید کرد
Туро агар набӯд носеҳии эмоми имрӯз
تو را اگر نبود ناصحی امام امروز
Басӣ ки фардо « эй вои моам » бояд кард
بسی که فردا «ای وای مام» باید کرد