Бар тахти ҳинди волӣ Ҳиндӯстон нишаст

بر تخت هند والی هندوستان نشست

Ҷони ҷаҳон ба мардуми чашм ҷаҳон нишаст

جان جهان به مردم چشم جهان نشست

Иқболи хонадони ҳумоюн баланд шуд

اقبال خاندان همایون بلند شد

Зини давлатӣ эй ки бар ошён нишаст

زین دولتی همای که بر آشیان نشست

Таскин гирифт фитна ва тартиб ёфт малик

تسکین گرفت فتنه و ترتیب یافت ملک

Соҳиби хирад ба маснад соҳибқирон нишаст

صاحب خرد به مسند صاحبقران نشست

Ҳукмаш ба ҳафт гӯшаи иқлӣм такя зад

حکمش به هفت گوشه اقلیم تکیه زد

Ҳзмш ба чорболши амн ва амон нишаст

حزمش به چاربالش امن و امان نشست

Кори ҳазор ҳикмат бўзрҷмҳр кард

کار هزار حکمت بوزرجمهر کرد

Ин қуббаро ки сохт ки Нӯшервон нишаст

این قبه را که ساخت که نوشیروان نشست

Дасти муборак ки барин таҳта қуръа зад ?

دست مبارک که برین تخته قرعه زد؟

Кин нақш бар муроди шаҳ Комрон нишаст

کاین نقش بر مراد شه کامران نشست

Насри мнбтш чу нуҷум аз само намӯд

نثر منبطش چو نجوم از سما نمود

Назми мбтнш чу ҷавоҳир ба кон нишаст

نظم مبطنش چو جواهر به کان نشست

Зебандатар ба ҳам садафу обнӯс ӯ

زیبنده تر به هم صدف و آبنوس او

Аз меҳри дӯстон ба дил дӯстон нишаст

از مهر دوستان به دل دوستان نشست

Бастоне аз бунафшау насрин шукуфта шуд

بستانی از بنفشه و نسرین شکفته شد

Шаҳ бар сарири буришад ва дар бӯстон нишаст

شه بر سریر برشد و در بوستان نشست

Аз рӯми ҷусти барқӣу андар ҳабаш фитод

از روم جست برقی و اندر حبش فتاد

Аз ҳинд хост гардӣ ва дар Исфаҳон нишаст

از هند خاست گردی و در اصفهان نشست

Қасди тавоф каъба накарданд ҳоҷён

قصد طواف کعبه نکردند حاجیان

То каъбаи мураббаъ ӯ дар миён нишаст

تا کعبه مربع او در میان نشست

Беакл сайр гардад азуи чашми гурусна

بی اکل سیر گردد ازو چشم گرسنه

Ризвон ниҳод хон Наим ва бар он нишаст

رضوان نهاد خوان نعیم و بر آن نشست

Ваҷҳи баҳоии қоима ӯ наме шавад

وجه بهای قایمه او نمی شود

Чандон гуҳар ки дар илм Ковиён нишаст

چندان گهر که در علم کاویان نشست

Ташбеҳ ӯ ба чашм ҷаҳон кардам ва хатост

تشبیه او به چشم جهان کردم و خطاست

Каз нохуна ба чашми ҷаҳон устихон нишаст

کز ناخنه به چشم جهان استخوان نشست

Гуфтам рӯм ба дида бабўсам ҷамол ӯ

گفتم روم به دیده ببوسم جمال او

Каз қадар ӯ бирав натавонад лабон нишаст

کز قدر او برو نتواند لبان نشست

Чашмами зи баси мулоимати нақши хотамаш

چشمم ز بس ملایمت نقش خاتمش

Не бар хшб нишаст ки бар парниён нишаст

نی بر خشب نشست که بر پرنیان نشست

Бисмии аллоҳ эй млоикаҳи маҷро ки мекунад ?

بسم الله ای ملایکه مجرا که می کند؟

Хизри набӣ ба киштии Нӯҳ замон нишаст

خضر نبی به کشتی نوح زمان نشست

Билқиси малики ғолияи гӯ бар изори каш

بلقیس ملک غالیه گو بر عذار کش

Осифи ниҳоди тахту сулаймон бар он нишаст

آصف نهاد تخت و سلیمان بر آن نشست

Ноҳид рақс кард чу хусрави барин сарир

ناهید رقص کرد چو خسرو برین سریر

Бар кафи пиёла май чун арғавон нишаст

بر کف پیاله می چون ارغوان نشست

Волои сарири малик ки волии мамлакат

والا سریر ملک که والی مملکت

Султони салими шоҳи вилоят ситон нишаст

سلطان سلیم شاه ولایت ستان نشست

Ботили з по даромаду қоими ситоди ҳақ

باطل ز پا درآمد و قایم ستاد حق

То нури дайни Муҳамади мӯъҷиз баён нишаст

تا نور دین محمد معجز بیان نشست

Буд издиҳом бар сар ӯ ранги хусравӣ

بود ازدحام بر سر او رنگ خسروی

Ин навҷавон ба қӯти бахт ҷавон нишаст

این نوجوان به قوت بخت جوان نشست

Дасташ гирифт давлат ва ҳлмш кашид чарх

دستش گرفت دولت و حلمش کشید چرخ

Бар тахт сарварон натавон ройгон нишаст

بر تخت سروران نتوان رایگان نشست

Бахташ ба зер соя дияем хуфта буд

بختش به زیر سایه دیهیم خفته بود

Бар гӯшаи сарири зи хоб гарон нишаст

بر گوشه سریر ز خواب گران نشست

Сайёди бози давлат ӯ чашм баста дошт

صیاد باز دولت او چشم بسته داشت

Гунҷишки бозро зи ҳаво дар даҳон нишаст

گنجشک باز را ز هوا در دهان نشست

Арши азимаш аз сари афлоки бргзшт

عرش عظیمش از سر افلاک برگذشت

Сайёра дар муқобила бар нардбон нишаст

سیاره در مقابله بر نردبان نشست

Ҷӯшед осмону замин аз нишот ӯ

جوشید آسمان و زمین از نشاط او

Бар ломакони хулосаи кун ва макон нишаст

بر لامکان خلاصه کون و مکان نشست

То нарад хусравии набард ҳар ҳарифи азу

تا نرد خسروی نبرد هر حریف ازو

Иқболу бахташ аз ду тараф посбон нишаст

اقبال و بختش از دو طرف پاسبان نشست

Шоҳои фалак ба кори ту беэътимод буд

شاها فلک به کار تو بی اعتماد بود

Ҳалами ту ҷону ҷоҳи туро дар змон нишаст

حلم تو جان و جاه تو را در ضمان نشست

Паргор вааш гирифт канору миёна ро

پرگار وش گرفت کنار و میانه را

Чанде агарчӣ доираи сон бар карон нишаст

چندی اگرچه دایره سان بر کران نشست

Ихвон ки дод ҷон ба ту бемаслиҳат набӯд

اخوان که داد جان به تو بی مصلحت نبود

Афрӯхт шуълаи дӯдаи ин дудмон нишаст

افروخت شعله دوده این دودمان نشست

Шуд бештари зёу баҳоии ҷамоли малик

شد بیشتر ضیا و بهای جمال ملک

Хур бар самои баромад агар Фрқдон нишаст

خور بر سما برآمد اگر فرقدان نشست

Натавон нишаст ҷуз ба хирад бар сарири адл

نتوان نشست جز به خرد بر سریر عدل

Ореи фарози адл ба курсӣ тавон нишаст

آری فراز عدل به کرسی توان نشست

То зад навои мғнии адли ту бар сарир

تا زد نوا مغنی عدل تو بر سریر

Дар базм ту нахоҳад чанг аз фиғон нишаст

در بزم تو نخواهد چنگ از فغان نشست

Санҷидат онкӣ бо ҷаду обо ҷузин нагуфт

سنجیدت آنکه با جد و آبا جزین نگفت

Ҷамшеди асри байн ки ба тахт каён нишаст

جمشید عصر بین که به تخت کیان نشست

Фирдавси тахтгоҳи ту дар хотирам фиканд

فردوس تختگاه تو در خاطرم فکند

Идрӣс сонӣаст ки бар осмон нишаст

ادریس ثانی است که بر آسمان نشست

Тахти мураббаъи туу дасти ҷаводи ту

تخت مربع تو و دست جواد تو

Каъбаи тамоми гашт ва бирав новдон нишаст

کعبه تمام گشت و برو ناودان نشست

Аз ҳайрати ҷамоли ту сад сол ме тавон

از حیرت جمال تو صد سال می توان

Дар хизмати ту ба сари теғ ва синон нишаст

در خدمت تو به سر تیغ و سنان نشست

Аз ман нисори тахти ту ҷустанди хсрўо

از من نثار تخت تو جستند خسروا

Нутқам ба базл бар сари дарё ва кон нишаст

نطقم به بذل بر سر دریا و کان نشست

Ҳар гавҳарӣ ки табъ ба рағбат наме фурухт

هر گوهری که طبع به رغبت نمی فروخت

Ҷон дар баҳоаш додаму бас ройгон нишаст

جان در بهاش دادم و بس رایگان نشست

Оре ба қадари меҳри музайян ҳаме кунад

آری به قدر مهر مزین همی کند

Чун пеши маҳди қобила меҳрбон нишаст

چون پیش مهد قابله مهربان نشست

ӯ ранг шуд зи назм « назирӣ » тароз ёфт

او رنگ شد ز نظم «نظیری » تراز یافت

Агар худ буруни зи доира бандагон нишаст

اگر خود برون ز دایره بندگان نشست

Дар ҳасрати насими қабӯлии зи сӯии шоҳ

در حسرت نسیم قبولی ز سوی شاه

Май боядаш чу ғунча дар дар даҳон нишаст

می بایدش چو غنچه در در دهان نشست

Чун қадари шаҳ сипеҳр навардаст дар дуо

چون قدر شه سپهر نوردست در دعا

Дар ъзлтш агарчӣ забон аз баён нишаст

در عزلتش اگرچه زبان از بیان نشست

То бар канори дояи авранги маслиҳат

تا بر کنار دایه اورنگ مصلحت

Фарзанд бо падар накунад туамон нишаст

فرزند با پدر نکند توامان نشست

Бар тахти ҷаду боб ба шарти мусалламӣ

بر تخت جد و باب به شرط مسلمی

Бодот то ба охири охир замон нишаст

بادات تا به آخر آخر زمان نشست