Турши гирифтаи ду абрӯу лаби чунон ширин
ترش گرفته دو ابرو و لب چنان شیرین
Ба хашми сар ки мёмиз бар асали чандин
به خشم سر که میامیز بر عسل چندین
Биёу лаб ба лабам бар на ва дилам дарёб
بیا و لب به لبم بر نه و دلم دریاب
Ки ҷуз чунин натавон дод дардро таскин
که جز چنین نتوان داد درد را تسکین
Дар ойу хонаи бёроӣу вақти мо хуш кун
در آی و خانه بیارای و وقت ما خوش کن
Шароб кӣ бустон ва змонкӣ биншин
شراب کی بستان و زمانکی بنشین
Ба лутфи бози талаби дӯстони мухлис ро
به لطف باز طلب دوستان مخلص را
Бибоядат ғам ёрон бихӯрад беҳтар аз ин
ببایدت غم یاران بخورد بهتر از این
Закоти ҳасани турои ҳеҷ ваҷҳ дигар нест
زکات حسن ترا هیچ وجه دیگر نیست
Дарой эй ки ба дастоварӣ дили ғами гин
درآی ای که به دست آوری دل غم گین
зи ҳасани ту чаҳ кам оядгар илтифот кунӣ
ز حسن تو چه کم آید گر التفات کنی
Биё ки ҳасан туро нест ҳоҷати таҳсин
بیا که حسن ترا نیست حاجت تحسین
Марои висоли ту ҳоле агар шавад ҳосил
مرا وصال تو حالی اگر شود حاصل
Муҳимтар сети зи ваъдау ваъиди ҳўролъин
مهم تر ست ز وعده و وعید حورالعین
Касе ки талъати зебои ту тафарруҷ кард
کسی که طلعت زیبای تو تفرّج کرد
Бад-ӣни қиёси бидонад ки чист хулди барин
بدین قیاس بداند که چیست خلد برین
Дили шикастаи дилонгар нигоҳ хоҳӣ дошт
دل شکسته دلان گر نگاه خواهی داشت
Шикаста тар набӯд аз нзории мискин
شکسته تر نبود از نزاری مسکین