Чу рӯй ёри ман зебо набошад
چو رویِ یارِ من زیبا نباشد
Қамар дар хона ҷавзо набошад
قمر در خانۀ جوزا نباشد
Чаҳ мегӯям ки тоби моҳи рӯйиш
چه می گویم که تابِ ماهِ رویش
Фурӯғи меҳри гардунро набошад
فروغِ مهرِ گردون را نباشد
Чу хдши лола ҳмро наравед
چو خدّش لالۀ حمرا نروید
Чу хаташи анбар Соро набошад
چو خطّش عنبرِ سارا نباشد
Набошад чун лабаши лаъли Бадахшон
نباشد چون لبش لعلِ بدخشان
Чу дандонаш дар дарё набошад
چو دندانش دُرِ دریا نباشد
Сияҳи чашмони фирдавси барин ро
سیه چشمانِ فردوسِ برین را
Ба хилвати хона ӯ ҷо набошад
به خلوت خانۀ او جا نباشد
Агар ӯ нагзарад бар тарафи бозор
اگر او نگذرد بر طرفِ بازار
Миёни шаҳрён ғавғо набошад
میانِ شهریان غوغا نباشد
Набошад айб агар нозуки дилон ро
نباشد عیب اگر نازک دلان را
Шикеб аз ёр бе ҳам то набошад
شکیب از یارِ بی هم تا نباشد
Маломат бар нзорӣ нест ҷоиз
ملامت بر نزاری نیست جایز
Сари шӯрида бесавдо набошад
سرِ شوریده بی سودا نباشد