Турои худ расми дил дорӣ набошад
ترا خود رسمِ دل داری نباشد
Ҷузи ойини ҷафо корӣ набошад
جز آیینِ جفا کاری نباشد
Азинҳо ба бидиҳ моро казин ҳо
ازین ها به بده ما را کزین ها
Ки бо мо мекунӣ ёрӣ набошад
که با ما می کنی یاری نباشد
Макун бо аҳли дили нои илтифотӣ
مکن با اهلِ دل نا التفاتی
Азизонро дил хорӣ набошад
عزیزان را دلِ خواری نباشد
Ту худ инсофи даҳ то хотири ёр
تو خود انصاف ده تا خاطرِ یار
Ниёзоранд ағёрӣ набошад
نیازارند اغیاری نباشد
Наме доне ки андари мазҳаби ишқ
نمی دانی که اندر مذهبِ عشق
Гуноҳӣ чун дил озорӣ набошад
گناهی چون دل آزاری نباشد
Миёни дӯстон озор бошад
میانِ دوستان آزار باشد
Валикини расм безорӣ набошад
ولیکن رسمِ بیزاری نباشد
Ба зӯру зар бар ояд кори ошиқ
به زور و زر بر آید کارِ عاشق
Нзориро ба ҷуз зорӣ набошад
نزاری را به جز زاری نباشد