Дӯст медорам ба ҷонаш дар миёни ҷону дил

دوست می دارم به جانش در میانِ جان و دل

Чун кунам дастам расад оё бидон тарки чгл

چون کنم دستم رسد آیا بدان ترکِ چگل

Бошадаш оё сару барги ҷавони мардии онк

باشدش آیا سر و برگِ جوان مردیِ آنک

Даст ман гирад бар оради пои умедами зи гул

دستِ من گیرد بر آرد پایِ امّیدم ز گل

Кас чу ман моҳӣ надорад меҳрбону кӣна туз

کس چو من ماهی ندارد مهربان و کینه توز

Кас чу ман ёрӣ надорад ҷон физойу дили гусал

کس چو من یاری ندارد جان فزای و دل گسل

Даъвӣ мо шуд ба девони қазои ишқи қатъ

دعویِ ما شد به دیوانِ قضایِ عشق قطع

Кардаанд ин моҷаро аз мбдоءи фитрати сҷл

کرده اند این ماجرا از مبداء فطرت سجل

Фитратам машғӯл медорад ба ишқ эй дӯстон

فطرتم مشغول می دارد به عشق ای دوستان

Ҳар касе ҳастанд дар дунё ба кории мштғл

هر کسی هستند در دنیا به کاری مشتغل

Бар нигарадам то наёбам бор дар айни ҳузур

بر نگردم تا نیابم بار در عینِ حضور

Инат беҳиммат ки аз тўбо шавад қонеъ ба зилл

اینَت بی همّت که از طوبا شود قانع به ظل

Ҷони моро иттисолӣ нест бо афсурдагон

جانِ ما را اتّصالی نیست با افسردگان

Ҷон мо бӯда сет бо ҷонони зи мабдаи муттасил

جانِ ما بوده ست با جانان ز مبدا متّصل

Чун кунӣ бо он ки ҳам аз дил бурун шуд ҳам зи ҷон

چون کنی با آن که هم از دل برون شد هم ز جان

Ҳам чу ҷон бинишаста бошад дар миёни ҷону дил

هم چو جان بنشسته باشد در میانِ جان و دل

Тоби зулфи дили фиребу ғамза ӣ ғаммози маст

تابِ زلفِ دل فریب و غمزه ی غمّازِ مست

Дорад аз рӯй хирадмандони нзориро хаҷал

دارد از رویِ خردمندان نزاری را خجل

Бар лаби кавсари зи ҷонӣ бар даҳон аз тишнагӣ

بر لبِ کوثر ز جانی بر دهان از تشنگی

Чун надории ихтиёраш боядаш кард бҳл

چون نداری اختیارش بایدش کرد بحل