Рӯзӣ ба қабристонӣ даргузар будам ва дар баҳри офариниши ғӯтаи вари машъали заррини меҳр аз сақфи симини сипеҳри фурӯзон буду саҳни замин аз тобиши он сӯзони шарораи ҳавои дрсри шуъла вар шуду пушти по аз арақи ҷабинтар офтоби ҷҳонсўзи қиёмат аз машриқи фикрат дар фазои хаёли тобони гашту шоҳини мизони адолат дар арсаи ҷалолу ҷамоли бсиди тоирони аъмоли намоёни қувваи воҳимаи дасти тасарруф дар доман тахайюл зада ба ҳифзи тасаввуроти дарак маъонӣ мекард ва аз қазоёии доролқзои раббонии кашфи розҳои наоне лекин аз тасаввури ин қазия таҳаммулӣ дошт ва аз тасдиқи ин равияи тааммулӣ ногоҳ кӯдакӣ бо сӯрати ҳазин аз гӯшаи қомати нави афрохтаи лаби мӯъҷизи баёни бтрнм боз карду бхўондни каломи мубини оғоз ки Фмни иъмли мисқоли зарраи хирои ираҳ ва ман иъмли мисқоли зарраи шрои ираҳи дил аз истимоъи он саропо гӯш шуд ва аз нишонаи саҳбои ҳақиқати мадҳуши зулмати шаки бнўри яқин зоӣл шуду ҳуҷҷати мункирони дайни мубини ботил .
روزی به قبرستانی درگذر بودم و در بحر آفرینش غوطه ور مشعل زرین مهر از سقف سیمین سپهر فروزان بود و صحن زمین از تابش آن سوزان شراره هوا درسر شعله ور شد و پشت پا از عرق جبین تر آفتاب جهانسوز قیامت از مشرق فکرت در فضای خیال تابان گشت و شاهین میزان عدالت در عرصه جلال و جمال بصید طایران اعمال نمایان قوه واهمه دست تصرف در دامن تخیل زده به حفظ تصورات درک معانی میکرد و از قضایای دارالقضای ربانی کشف رازهای نهانی لیکن از تصور این قضیه تحملی داشت و از تصدیق این رویه تاملی ناگاه کودکی با صورت حزین از گوشه قامت نو افراخته لب معجز بیان بترنم باز کرد و بخواندن کلام مبین آغاز که فمن یعمل مثقال ذره خیرا یره و من یعمل مثقال ذره شرا یره دل از استماع آن سراپا گوش شد و از نشانه صهبای حقیقت مدهوش ظلمت شک بنور یقین زائل شد و حجت منکران دین مبین باطل.
Шукр каз эъҷози каломи мубин
شکر کز اعجاز کلام مبین
Тофт бадали партави нури яқин
تافت بدل پرتو نور یقین
Васвасаи шаки биқин давр шуд
وسوسه شک بیقین دور شد
Сина аз он ойинаи пари нўршд
سینه از آن آئینه پر نورشد
Нур яқин тофт дар ақсои дил
نور یقین تافت در اقصای دل
Гашти бҷони мазҳаби ҳақро сҷл
گشت بجان مذهب حق را سجل
Пас ҳркро аз таронаи адолат нағма бигӯаш омад ва аз хмхонаҳи ҳақиқати ҷуръа нӯш кард аз доролўсўсаҳи шаки бмстбаҳ яқин даромаду хаёлоти ботилро ҳама аз дил фаромӯш кард онгаҳ дар мазраъаи рӯзгори ҷузи тухми муҳаббати нпошду дили соҳибдилонро ба тешаи адолати нхрошд зеро ки ончии бикорад ҳамон бардорад ва бад накунанд ҳар ки хайр дорад
پس هرکرا از ترانه عدالت نغمه بگوش آمد و از خمخانه حقیقت جرعه نوش کرد از دارالوسوسه شک بمصطبه یقین درآمد و خیالات باطل را همه از دل فراموش کرد آنگه در مزرعه روزگار جز تخم محبت نپاشد و دل صاحبدلان را به تیشه عدالت نخراشد زیرا که آنچه بکارد همان بردارد و بد نکنند هر که خیر دارد
Онкӣ хабар дорад аз адолати султон
آنکه خبر دارد از عدالت سلطان
Тухми бикоради накӯи бмзръи аъмол
تخم بکارد نکو بمزرع اعمال
Зонка ҳрони чиз ҳосилаш шавад аз заръ
زانکه هرآن چیز حاصلش شود از زرع
Ҳаст натиҷаи зи тухм дар ҳамаи аҳвол
هست نتیجه ز تخم در همه احوال
Тухми бадии ҳаркии гашти бор бадӣ дид
تخم بدی هرکه گشت بار بدی دید
Вонки накӯи кишти тухми гашти накӯи ҳол
وانک نکو کشت تخم گشت نکو حال