Алии алсбоҳ ки султони чархи оинаи фом
علیالصباح که سلطان چرخ آینه فام
Задуд оинаи осмони зи занги злом
زدود آینهٔ آسمان ز زنگ ظلام
Сафои субҳи дили содиқон ба ҷӯш омад
صفای صبح دل صادقان به جوش آمد
Фурӯғи акси шафақи барад бар фалаки эълом
فروغ عکس شفق برد بر فلک اعلام
Ба дасти хусрав ховар фитод малики ҳабаш
به دست خسرو خاور فتاد ملک حبش
зи шоҳи рӯм ҳазимат гирифт лашгари шом
ز شاه روم هزیمت گرفت لشگر شام
Ҳар он матоъ ки шабро зи мшгу анбар буд
هر آن متاع که شب را ز مشگ و عنبر بود
Ба зари пухта бадал кард субҳи нуқраи стом
به زر پخته بدل کرد صبح نقره ستام
Ба гӯши ҳуш ман омад хурӯши навбати шоҳ
به گوش هوش من آمد خروش نوبت شاه
зи тавбаи хонаи тнҳоӣии омада бар бом
ز توبه خانهٔ تنهائی آمده بر بام
Ба сӯии гулшани Каррӯбӣон назар кардам
به سوی گلشن کروبیان نظر کردم
Замири равшану дили софӣу табиати ром
ضمیر روشن و دل صافی و طبیعت رام
Чунон намӯд марои вазъи чарху шакли нуҷум
چنان نمود مرا وضع چرخ و شکل نجوم
Ки хаймаи исти пар аз лаъибатони сими андом
که خیمهایست پر از لعبتان سیماندام
Гузаштам аз бар шаш дайру қалъа Эй дидам
گذشتم از بر شش دیر و قلعهای دیدم
Яке брҳмни доно дар ӯ гирифтаи мақом
یکی برهمن دانا در او گرفته مقام
Ба зери дасти ваии андари хуҷастаи дидорӣ
به زیر دست وی اندر خجسته دیداری
Ки менамӯд ба ҳар каси раҳи ҳалолу ҳаром
که مینمود به هر کس ره حلال و حرام
Кушодаи Зуҳраи Заҳро ба нози чеҳраи саъд
گشاده زهرهٔ زهرا به ناز چهرهٔ سعد
Ба дӯстии назари афкандаи сӯй ӯ баҳром
به دوستی نظر افکنده سوی او بهرام
Чу ман ба фикри фурӯи рафта ва равон карда
چو من به فکر فرو رفته و روان کرده
Дабири чарх ба мадҳи хдоигони ақлом
دبیر چرخ به مدح خدایگان اقلام
Аннан ба хитта мағриб кашида моҳи тамом
عنان به خطهٔ مغرب کشیده ماه تمام
Намӯда оризи нӯронӣ аз ниқоби ғмом
نموده عارض نورانی از نقاب غمام
Дамидаи шуълаи меҳри ончунон ки пиндорӣ
دمیده شعلهٔ مهر آنچنان که پنداری
Замонаи теғ зарандуд мекашад зи ниёам
زمانه تیغ زراندود میکشد ز نیام
зи баси таҷаллии нур онзмон надонистам
ز بس تجلی نور آنزمان ندانستم
Ки офтоб кадомаст ва рӯй хоҷаи кадом
که آفتاب کدامست و روی خواجه کدام
Ҷаҳони фазлу карами рукни дайни ъмидолмлк
جهان فضل و کرم رکن دین عمیدالملک
Вазири шоҳи нишони хоҷаи сипеҳри ғулом
وزیر شاه نشان خواجهٔ سپهر غلام
Қазои шикваи қадари ҳамлаи ситораи ҳашар
قضا شکوه قدر حملهٔ ستاره حشر
Зуҳали маҳали фалаки қадари офтоби анъом
زحل محل فلک قدر آفتاب انعام
Фалаки з тамшият ӯст дар масиру мадор
فلک ز تمشیت اوست در مسیر و مدار
Замини з муъаддилат ӯст бо қарору қавом
زمین ز معدلت اوست با قرار و قوام
Ҷаноби олӣ ӯ млҷои вазеъу шариф
جناب عالی او ملجا وضیع و شریف
Ҳарими дарга ӯ каъбаи хавосу ом
حریم درگه او کعبهٔ خواص و عام
зи тоби ҳамла ӯ гоҳи кӣна суст шавад
ز تاب حملهٔ او گاه کینه سست شود
Дами наҳангу дили перу панҷаи зрғом
دم نهنگ و دل پیر و پنجهٔ ضرغام
Зиҳии вуҷӯди шарифи ту мазҳари алтоф
زهی وجود شریف تو مظهر الطاف
Зиҳии замири мунири ту мҳбти илҳом
زهی ضمیر منیر تو مهبط الهام
Бимни адлу шикваи ту гашти рӯзафзӯн
بیمن عدل و شکوه تو گشت روزافزون
Шиквау равнақи имону қӯти ислом
شکوه و رونق ایمان و قوت اسلام
Сиёсати ту адуро ба як киришмаи меҳр
سیاست تو عدو را به یک کرشمهٔ مهر
Бибаста роҳи хирад бар масоили авҳом
ببسته راه خرد بر مسائل اوهام
Ҷаҳони пноҳои аҳвол хеш хоҳам гуфт
جهان پناها احوال خویش خواهم گفت
Яке ба самъ ризо бишинав эй млози аном
یکی به سمع رضا بشنو ای ملاذ انام
Кунун дувоздаҳ соласт то зи малики аном
کنون دوازده سالست تا ز ملک انام
Кашид ахтари саъдам ба даргаи ту зимом
کشید اختر سعدم به درگه تو زمام
Набӯд манзили ман ғайри остонаи ту
نبود منزل من غیر آستانهٔ تو
Ки бод то ба абади қиблаи кбору киром
که باد تا به ابد قبلهٔ کبار و کرام
зи неъмати ту маро буд комҳо ҳосил
ز نعمت تو مرا بود کامها حاصل
зи давлати ту маро буд корҳо ба низом
ز دولت تو مرا بود کارها به نظام
Хаҷали ним зи ҷанобат ки мурғи ҳиммати ман
خجل نیم ز جنابت که مرغ همت من
Ба буи дона науфтод ҳеҷ гуҳ дар дом
به بوی دانه نیفتاد هیچ گه در دام
Тамаъ накард марои пеши ҳаркасии расво
طمع نکرد مرا پیش هرکسی رسوا
Набарди ҳирси марои пеш ҳар хасӣ ба салом
نبرد حرص مرا پیش هر خسی به سلام
Бидон расидаам акнӯн ки бар дарат шабу рӯз
بدان رسیدهام اکنون که بر درت شب و روز
наме тавонам бастан ба бандагии эҳром
نمیتوانم بستن به بندگی احرام
Малолати орад агар шарҳи он даҳум ки ба ман
ملالت آرد اگر شرح آن دهم که به من
Чаҳ мерасад зи ҷафои сипеҳри бади фарҷом
چه میرسد ز جفای سپهر بد فرجام
Гуҳӣ ба даст ъно мекашад марои доман
گهی به دست عنا میکشد مرا دامن
Гуҳии забон бало медиҳад марои пайғом
گهی زبان بلا میدهد مرا پیغام
Гуҳӣ ба ҷои тараби ғами Фрстдм бар дил
گهی به جای طرب غم فرستدم بر دل
Гуҳӣ ба ҷои арақи хӯни чкондми змсом
گهی به جای عرق خون چکاندم زمسام
зи ранҷу дард чунон гаштаам ки як нафасам
ز رنج و درد چنان گشتهام که یک نفسم
На мумкинаст қууд ва на мумкинаст қиём
نه ممکنست قعود و نه ممکنست قیام
Ба ҳасани тарбият хоҷа ҳаст рӯзӣ чанд
به حسن تربیت خواجه هست روزی چند
Марои умеди иҷозати зи подшоҳи аном
مرا امید اجازت ز پادشاه انام
Ҳамеша то набӯд сайри моҳро поён
همیشه تا نبود سیر ماه را پایان
Мудом то набӯд даври меҳрро анҷом
مدام تا نبود دور مهر را انجام
Ба кому рои туу дӯстони ту бодо
به کام و رای تو و دوستان تو بادا
Ҳамеша ҷунбиши афлоку гардиши айём
همیشه جنبش افلاک و گردش ایام
Ҳазор қарн бизӣ дўсткому давлатманд
هزار قرن بزی دوستکام و دولتمند
Ҳазор соли бимони Комрону никўном
هزار سال بمان کامران و نیکونام
Муайяну Носири ман лутф бе ниҳояти ту
معین و ناصر من لطف بینهایت تو
Муайяну Носири ту зулҷалоли волокром
معین و ناصر تو ذوالجلال والاکرام