Фитна аз чарху қиёмати з замин бархезад
فتنه از چرخ و قیامت ز زمین برخیزد
Агар он чашми камони каш ба камӣн бархезад
اگر آن چشم کمان کش به کمین برخیزد
эй басои хона ! ки бар асб шавад тангу савор
ای بسا خانه! که بر اسب شود تنگ و سوار
То саворӣ чу ту аз хона зин бархезад
تا سواری چو تو از خانهٔ زین برخیزد
Чашму рухсори париваш , ки ту дории имрӯз
چشم و رخسار پریوش، که تو داری امروز
Рӯзи фардои магар аз хулд барин бархезад
روز فردا مگر از خلد برین برخیزد
Боғбони қад туро дид ва ҳаме гуфт ба худ :
باغبان قد ترا دید و همی گفت به خود:
Сарви дигар чаҳ нишонем ?гар ин ин бархезад
سرو دیگر چه نشانیم؟ گر این این برخیزد
Баҳр бӯсидани пои ту сар ва рӯй маро
بهر بوسیدن پای تو سر و روی مرا
Сар он нест ки аз рӯй замин бархезад
سر آن نیست که از روی زمین برخیزد
Тахти заҳҳоки ту дорӣ , ки ду гесуии дароз
تخت ضحاک تو داری، که دو گیسوی دراز
Чун ду морати зи ясору з ямин бархезад
چون دو مارت ز یسار و ز یمین برخیزد
Онкии сармасти шабии пеш ту битавонад хуфт
آنکه سرمست شبی پیش تو بتواند خفت
Нест ҳушёр ки то рӯз пасин бархезад
نیست هشیار که تا روز پسین برخیزد
Қаду болои чунон рости мухолифи з чаҳ шуд ?
قد و بالای چنان راست مخالف ز چه شد؟
Бо дили ман ки чу гӯям : биншин бархезад
با دل من که چو گویم: بنشین برخیزد
Моҳ то рӯй туро дид ва бирав дил биниҳод
ماه تا روی ترا دید و برو دل بنهاد
Бим онаст ки бо меҳр ба кин бархезад
بیم آنست که با مهر به کین برخیزد
Дар сари зулфи ту ҳар чинӣ шаҳрӣ ҳиндӯаст
در سر زلف تو هر چینی شهری هندوست
Ки шунид ин ҳамаи ҳиндӯ ? ки з чин бархезад
که شنید این همه هندو؟ که ز چین برخیزد
Авҳадиро ба рахти дил на шигифт ар бархест
اوحدی را به رخت دل نه شگفت ار برخاست
Ки ба рӯй ту аҷаб нест ки дайн бархезад
که به روی تو عجب نیست که دین برخیزد