Туро гузошта будам ки кори сози шӯй

ترا گذاشته بودم که کار ساز شوی

Чу кор сохта бошӣ ба хонаи бози шӯй

چو کار ساخته باشی به خانه باز شوی

Ба гирди хотират акнӯн худ он нмигрдд

به گرد خاطرت اکنون خود آن نمیگردد

Ки ҳеҷ пеши рафиқони худ фарози шӯй

که هیچ پیش رفیقان خود فراز شوی

зи дӯстон ки ту дар шаҳри худ раҳо кардӣ

ز دوستان که تو در شهر خود رها کردی

Гумон набӯд ки зингўнаҳ бе ниёзи шӯй

گمان نبود که زینگونه بی‌نیاز شوی

Ту дар диёри худ аз хусравони мамлакатӣ

تو در دیار خود از خسروان مملکتی

Рҳомкн ки : ба куллӣ асири ози шӯй

رهامکن که: به کلی اسیر آز شوی

Дарин ҳдиқаҳи басӣ розҳои пинҳонӣаст

درین حدیقه بسی رازهای پنهانیست

Ба кӯш то магар аз муҳаррамони рози шӯй

به کوش تا مگر از محرمان راز شوی

Занӣаст сӯрати дунё , мҳл ки дасти тамаъ

زنیست صورت دنیا، مهل که دست طمع

Ба домани ту расонад , ки бе намози шӯй

به دامن تو رساند، که بی‌نماز شوی

Ҳузур халқ набошад зи фитнае холӣ

حضور خلق نباشد ز فتنه‌ای خالی

Дарин миёна сазадгар ба эҳтирози шӯй

درین میانه سزد گر به احتراز شوی

Чу зоди он мақари ӣнҷо ба даст бояд кард

چو زاد آن مقر اینجا به دست باید کرد

Ту ҳеҷ роҳ наёбӣ чу бе ҷавози шӯй

تو هیچ راه نیابی چو بی‌جواز شوی

Чу Авҳадии зи ҷаҳони даст ҳирс кун кӯтаҳ

چو اوحدی ز جهان دست حرص کن کوته

Ки вақт шуд ки дар он манзили дарози шӯй

که وقت شد که در آن منزل دراز شوی