Исми шарифи он ҷаноби мавлонои Муҳамади ширин ва аз Фҳўли муваҳҳидин . Бо шоҳрухи бен Темури муосир буд ва бо камоли Хуҷандӣ мулоқот намӯд . Ҷаноби шайхи баҳоуддӣни омилӣ дар кашкули навишта ки ваии мурӣди шайхи Исмоили саманоне ва ӯ мурӣди шайхи нуриддини абдурраҳмон Исфаройинӣаст . Гӯйанд хирқа аз шайхи мҳии аддӣни арабии пӯшида ва ба тариқаи тавҳиди кӯшида . Баъзе гуфтаанд муваллидаши қарияи Ноину марқадаш дар астҳбонот Форсаст . Баъзе гуфтаанд дар Сурхоб табризаст . Ҳамон чун шайхи мағрибии ном мутаъаддид бӯдаанд мардум иштибоҳ намӯдаанд . Ғолибан дар боби таъйини мзҷъи он ҷаноби қавли аввали мақрун ба савоб бошад . Ғараз , шайхии муҷарраду орифӣ муваҳҳидаст . ВФотш дар санаи 809 . Девонаш мутолиа шуд ва ин ашъор аз он ҷаноб навишта шуд :

اسم شریف آن جناب مولانا محمد شیرین و از فحول موحدین. با شاهرخ بن تیمور معاصر بود و با کمال خجندی ملاقات نمود. جناب شیخ بهاءالدین عاملی در کشکول نوشته که وی مرید شیخ اسماعیل سمنانی و او مرید شیخ نورالدین عبدالرحمن اسفراینی است. گویند خرقه از شیخ محی الدین عربی پوشیده و به طریقهٔ توحید کوشیده. بعضی گفته‌اند مولدش قریهٔ نائین و مرقدش در اصطهبانات فارس است. بعضی گفته‌اند در سرخاب تبریز است. همان چون شیخ مغربی نام متعدد بوده‌اند مردم اشتباه نموده‌اند. غالباً در باب تعیین مضجع آن جناب قول اول مقرون به صواب باشد. غرض، شیخی مجرد و عارفی موحد است. وفاتش در سنهٔ ۸۰۹. دیوانش مطالعه شد و این اشعار از آن جناب نوشته شد:

мнғзлётаҳ

مِنْغزلیّاتِهِ

з рӯй зот барафкан ниқоби асмо ро

ز روی ذات برافکن نقاب اسما را

Ниҳон ба исм макун чеҳраи мсмо ро

نهان به اسم مکن چهرهٔ مسما را

Агарчӣ соя анқоӣ мағрибаст ҷаҳон

اگرچه سایهٔ عنقای مغربست جهان

Валек сояи ҳиҷоб омадааст анқо ро

ولیک سایه حجاب آمده است عنقا را

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Гадо султон шавадгар зонка султон

گدا سلطان شود گر زانکه سلطان

Нишонд бар сарири худ гадо ро

نشاند بر سریرِ خود گدا را

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эй аз ду ҷаҳони ниҳон , аён кист

ای از دو جهان نهان، عیان کیست

эй айни аёни пас ин ниҳон кист

ای عین عیان پس این نهان کیست

Гуфтӣ ки ҳамеша ман хамӯшам

گفتی که همیشه من خموشم

Гуё шуда пас ба ҳар забон кист

گویا شده پس به هر زبان کیست

Гуфтӣ ки ниҳонам аз ду олам

گفتی که نهانم از دو عالم

Пайдо шуда дар якон якон кист

پیدا شده در یکان یکان کیست

Гуфтӣ ки зи ҷисму ҷони бурунам

گفتی که ز جسم و جان برونم

Пӯшидаи либоси ҷисм ва ҷон кист

پوشیده لباس جسم و جان کیست

Гуфтӣ ки на инам ва на онам

گفتی که نه اینم و نه آنم

Пас онкии ҳам ин буд ҳам он кист

پس آنکه هم این بود هم آن کیست

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Гарчи бархезад зи оби баҳри мавҷ бе шумор

گرچه برخیزد ز آب بحر موجِ بی شمار

Касрати андари мавҷи бошдлики обӣ беш нест

کثرت اندر موج باشدلیک آبی بیش نیست

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Ду олам чист нақши сӯрати дӯст

دو عالم چیست نقش صورت دوست

Чаҳ ҷои нақши сӯрат балки худ ӯст

چه جای نقشِ صورت بلکه خود اوست

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Ҳаркиро душмани ҳамеи пиндоштам

هرکه را دشمن همی پنداشتم

Охроломрш бидидам буд дӯст

آخرالامرش بدیدم بود دوست

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Гар турои дидор ӯ бояд бро бар таври дил

گر ترا دیدار او باید برآ بر طورِ دل

Ҳоҷат рафтан чу Мӯсои сӯии кӯҳ тавр нест

حاجت رفتن چو موسی سویِ کوه طور نیست

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Агар з рӯй барандозад ӯ ниқоби сифот

اگر ز روی براندازد او نقابِ صفات

Ду кун сӯхта гардад зи тоби партави зот

دو کون سوخته گردد ز تابِ پرتوِ ذات

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Агар замони набуввати гузашту даври русул

اگر زمان نبوت گذشت و دور رسل

Вале зуҳӯри вилоят дар ин замонаи мост

ولی ظهورِ ولایت در این زمانهٔ ماست

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Ҳар онкии толиб он ҳазратаст матлӯбаст

هر آنکه طالب آن حضرتست مطلوبست

Муҳиби дӯст ба таҳқиқи айн маҳбӯб аст

محب دوست به تحقیق عین محبوب است

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Чашми ҳақи байни биҷуз аз ҳақи натавонад дидан

چشم حق بین بجز از حق نتواند دیدن

Ботили андари назари мардуми ботил байн аст

باطل اندر نظر مردم باطل بین است

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Беруни давиди ёри зи хлўтгаҳи шуҳуд

بیرون دوید یار ز خلوتگهِ شهود

Худро ба шакли ҷумлаи ҷаҳони худба худ намӯд

خود را به شکل جملهٔ جهان خودبه خود نمود

Бо онкӣ шуд ғании ҳамаи олами зи ганҷ ӯ

با آنکه شد غنی همه عالم ز گنجِ او

Як ҷӯи азуи накост на дар вай ҷӯй фузуд

یک جُو ازو نکاست نه در وی جُوِی فزود

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Сохтӣ аз айни худ ғайриӣ ки олами ин буд

ساختی از عین خود غیری که عالم این بود

Нақшӣ оварадӣ пдидози худ ки одами ин буд

نقشی آوردی پدیداز خود که آدم این بود

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Агар аўдидаҳ Эй додат ки дидораш ба ӯ бинӣ

اگر اودیده‌ای دادت که دیدارش به او بینی

Талаб кун дидаи дигар ки дидор дигар дорад

طلب کن دیدهٔ دیگر که دیدارِ دگر دارد

Агар ҳар соъатии сад бори рухсораш ба сддидаҳ

اگر هر ساعتی صد بار رخسارش به صددیده

Ҳаме бинӣ машав қонеъ ки рухсор дигар дорад

همی بینی مشو قانع که رخسار دگر دارد

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Касе ки ҳастӣ худро ба ҳақ бапушанд

کسی که هستی خود را به حق بپوشاند

Дигар касаши биҷуз аз кирдигор кӣ донад

دگر کسش بجز از کردگار کی داند

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Дили ҳама дида шуд вдидаҳи ҳама дил гардид

دل همه دیده شد ودیده همه دل گردید

То муроди дилу дидаи ҳама ҳосил гардид

تا مراد دل و دیده همه حاصل گردید

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Куҷо шавад ба ҳақиқати аёни ҷамоли ҳақиқат

کجا شود به حقیقت عیان جمالِ حقیقت

Агар мазоҳиру ойина муҷоз набошад

اگر مظاهر و آئینهٔ مجاز نباشد

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Онкас ки ниҳон буд з мо омад ва мо шуд

آنکس که نهان بود ز ما آمد و ما شد

Онкас ки на мо буд ва шумо мо ва шумо шуд

آنکس که نه ما بود و شما ما و شما شد

Ҳаргиз ки шунидааст чунин турфа ки як кас

هرگز که شنیده است چنین طرفه که یک کس

Ҳам хона хеш омад ва ҳам хона худо шуд

هم خانهٔ خویش آمد و هم خانه خدا شد

Он гавҳари покиза ва он дар ягона

آن گوهر پاکیزه و آن دُرِّ یگانه

Чун ҷӯш баровард замини гашт ва смол шуд

چون جوش برآورد زمین گشت و سمال شد

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Ба пеши дидаи мо айну ғин ҳар ду якеаст

به پیش دیدهٔ ما عین و غین هر دو یکیست

Чунин назар кунад он кас ки бо яқин бошад

چنین نظر کند آن کس که با یقین باشد

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Чун тавонад дами зи озодӣ задани онкас ки ёр

چون تواند دم ز آزادی زدن آنکس که یار

Ҳар замонаш мекашад дар банди гесуӣ дигар

هر زمانش می‌کشد در بند گیسوی دگر

Ман ба як рӯ чун шавам қонеъ ки ҳасан рӯй ӯ

من به یک رو چون شوم قانع که حسنِ روی او

Май намояди ҳрдм аз ҳар рӯи маро рӯй дигар

می‌نماید هردم از هر رو مرا روی دگر

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Нахусти дида талаб кун пас онгаҳе дидор

نخست دیده طلب کن پس آنگهی دیدار

Аз онкӣ ёр кунад ҷилва бар أўлўолобсор

از آنکه یار کند جلوه بر أولوالابصار

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Ойинае бсохти зи маҷмӯи коинот

آئینه‌ای بساخت ز مجموعِ کاینات

Дар вай бидид акси ҷамолу ҷалоли хеш

در وی بدید عکس جمال و جلالِ خویش

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Маро аз рӯй ҳар дилбар таҷаллӣ мекунад рӯйиш

مرا از روی هر دلبر تجلی می‌کند رویش

На аз як сӯй май байнам ки май байнами зҳрсўиш

نه از یک سوی می‌بینم که می‌بینم زهرسویش

Манам чун маҳв дар зотши сафоташро куҷо ёбам

منم چون محو در ذاتش صفاتش را کجا یابم

Сафоташро касе ёбад ки нбўдмҳў дар зотш

صفاتش را کسی یابد که نبودمحو در ذاتش

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Бисёр зи аҳволу мақомоти млоФид

بسیار ز احوال و مقامات ملافید

Бо мо ки зи аҳвол ва мақомот гузаштем

با ما که ز احوال و مقامات گذشتیم

Бо мо сухан аз кашф ва каромот магӯӣед

با ما سخن از کشف و کرامات مگویید

Чун мо зсри кашф ва каромот гузаштем

چون ما زسرِ کشف و کرامات گذشتیم

Дидем ки инҳо ҳамагии хоб ва хаёл аст

دیدیم که این‌ها همگی خواب و خیال است

Мардонаи азин хоб ва хаёлот гузаштем

مردانه ازین خواب و خیالات گذشتیم

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Гуҳ аз рӯй ту маҷмӯами гуҳ аз зулфати парешонам

گه از رویِ تو مجموعم گه از زلفت پریشانم

Азин дар зулмати куфрам , вазон дар нури имонам

ازین در ظلمتِ کفرم، وزان در نورِ ایمانم

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Ту яқинӣу ҷаҳони ҷумлаи гумони ман ба яқин

تو یقینی و جهان جمله گمان من به یقین

Муддатӣ шуд ки яқинро ба гумон май байнам

مدتی شد که یقین را به گمان می‌بینم

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Ҳечкасӣ ба хештани раҳи набард ба сӯй ӯ

هیچکسی به خویشتن ره نبرد به سوی او

Балки ба пой ӯ равад ҳарки равад ба кӯй ӯ

بلکه به پایِ او رود هرکه رود به کوی او

То ки азу набад талаби толиб ӯ касе нашуд

تا که ازو نبد طلب طالب او کسی نشد

Ин ҳамаи ҷустуҷӯӣ мо ҳаст зи ҷусту ҷӯй ӯ

این همه جستجوی ما هست ز جست و جوی او

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з рӯй ӯст ин ҳамаи муъмини аён шуда

ز روی اوست این همه مؤمن عیان شده

Ваз мӯӣ ӯст ин ҳамаи куффори омада

وز موی اوست این همه کفار آمده

ӣнҷо чаҳ ҷой васф ҳулӯласту иттиҳод

اینجا چه جای وصف حلولست و اتحاد

Кин як ҳақиқатаст ба дидори омада

کاین یک حقیقت است به دیدار آمده

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Соқӣу бодаи чўнисти алои яке пас аз чаҳ

ساقی و باده چونیست الا یکی پس از چه

Дар ҳар тарафи фитода мастӣаст аз шаробӣ

در هر طرف فتاده مستی است از شرابی

Нақш ванигор нақш нигораст бе гумон

نقش و نگار نقش نگار است بی گمان

Монии ниҳон шудааст дарин нақши монавӣ

مانی نهان شده است درین نقش مانوی

рубоӣ

رباعی

Мардони ҳама дар самоъи венӣ пайдо нест

مردان همه در سماع ونی پیدا نیست

Мисатон ҳама зоҳиранд ва мепайдо нест

مستان همه ظاهرند و می پیدا نیست

Сад қофилаи пештар дар ин раҳи рафтанд

صد قافله پیشتر در این ره رفتند

Венаи турфа ки ҳечгуна пай пайдо нест

وین طرفه که هیچگونه پی پیدا نیست

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Нобарда ба субҳ дар талаби шомӣ чанд

نابرده به صبح در طلب شامی چند

Наниҳода буруни зи хештани гомӣ чанд

ننهاده برون ز خویشتن گامی چند

Дар кисвати хоси омадаи омӣ чанд

در کسوت خاص آمده عامی چند

Бади номкунанда накӯи номӣ чанд

بد نام کنندهٔ نکو نامی چند

Ганҷӣ ки тилисм ӯст олам моием

گنجی که طلسم اوست عالم ماییم

Зотӣ ки сифот ӯст одам моием

ذاتی که صفاتِ اوست آدم ماییم

эй онкии туе толиби исми аъзам

ای آنکه تویی طالبِ اسم اعظم

Аз мо магзар ки исм аъзам моием

از ما مگذر که اسم اعظم ماییم