Бо фироқат чанд созам ? барг танҳоӣам нест
با فراقت چند سازم؟ برگ تنهاییم نیست
Дастгоҳи сабру поёб шкибоиим нест
دستگاه صبر و پایاب شکیباییم نیست
Тарсам аз танҳои аҳволам ба расвоӣ кашад
ترسم از تنهایی، احوالم به رسوایی کشد
Тарс танҳоӣаст вар на бим расвоӣам нест
ترس تنهاییست ور نه بیم رسواییم نیست
Марди густохии ним то ҷон дар оғӯшати кашам
مرد گستاخی نیَم تا جان در آغوشت کشم
Бӯса бар пояти даҳум чун даст болоӣам нест
بوسه بر پایت دهم چون دست بالاییم نیست
Бар гулат ошуфта ам бигзор то дар боғи васл
بر گلت آشفتهام بگذار تا در باغ وصل
Зоғ бонгӣ мекунам чун булбул овоӣам нест
زاغبانگی میکنم؛ چون بلبلآواییم نیست
То мусаввири гашт дар чашмами хаёл рӯй дӯст
تا مصور گشت در چشمم خیال روی دوست
Чашм худбинӣ надорам рӯй хўдроиим нест
چشم خودبینی ندارم روی خودراییم نیست
Дарди даврӣ май кашам гарчи хароб афтода ам
درد دوری میکشم گر چه خراب افتادهام
Бори ҷаврат май барам гарчи тавоноӣам нест
بار جورت میبرم گر چه تواناییم نیست
Табъи ту сайр омад аз ман ҷои дигари дили ниҳод
طبع تو سیر آمد از من جای دیگر دل نهاد
Ман киро ҷӯям ? ки чун ту табъ ҳрҷоиим нест
من که را جویم؟ که چون تو طبع هرجاییم نیست
Саъдии оташи забонам дар ғамати сӯзон чу шамъ
سعدیِ آتشزبانم در غمت سوزان چو شمع
Бо ҳамаи оташи забонӣ дар ту гироӣам нест
با همه آتشزبانی در تو گیراییم نیست