Ин ҷо шукрӣ ҳаст ки чандини мгсоннд
این جا شکری هست که چندین مگسانند
ё булъаҷабӣ кин ҳамаи соҳиби ҳўсоннд
یا بوالعجبی کاین همه صاحبهوسانند
Бас дар талабат саъй намудем ва нагуфтӣ
بس در طلبت سعی نمودیم و نگفتی
Кин ҳеҷ касон дар талаби мо чаҳ касонанд
کاین هیچ کسان در طلب ما چه کسانند
эй қофилаи солори чунин гарм чаҳ ронӣ
ای قافلهسالار چنین گرم چه رانی
Оҳиста ки дар кӯҳу камари бозпсоннд
آهسته که در کوه و کمر بازپسانند
Сад машъала афрӯхта гардад ба чароғӣ
صد مشعله افروخته گردد به چراغی
Ин нури ту дорӣ ва дигар мқтбсоннд
این نور تو داری و دگر مقتبسانند
Ман қалбу лисонам ба вафодорӣу суҳбат
من قلب و لسانم به وفاداری و صحبت
Ва ӣнон ҳама қалбанд ки пеш ту лисонанд
و اینان همه قلبند که پیش تو لسانند
Онон ки шаб ором нагиранд зи фикрат
آنان که شب آرام نگیرند ز فکرت
Чун субҳ падедаст ки содиқи нФсоннд
چون صبح پدیدست که صادقنفسانند
Ва онон ки ба дидори чунон майл надоранд
و آنان که به دیدار چنان میل ندارند
Савганд тавон хӯрд ки беақлу хсоннд
سوگند توان خورد که بیعقل و خسانند
Доне чаҳ ҷафо меравад аз дасти рақибат
دانی چه جفا میرود از دست رقیبت
Ҳайфаст ки тӯтӣу зағани ҳам қФсоннд
حیفست که طوطی و زغن همقفسانند
Дар толеъ ман нест ки наздик ту бошам
در طالع من نیست که نزدیک تو باشم
намегӯямат аз даври дуо гар бирасонанд
میگویمت از دور دعا گر برسانند