Агар ту брФкнӣ дар миёни шаҳри ниқоб
اگر تو برفکنی در میان شهر نقاب
Ҳазор муъмини мухлиси дроФкнӣ ба уқоб
هزار مؤمن مخلص درافکنی به عقاب
Киро маҷоли назар бар ҷамоли маймунат
که را مجال نظر بر جمال میمونت
Бад-ӣни сифат ки ту дил май барии варои ҳиҷоб
بدین صفت که تو دل میبری ورای حجاب
Даруни мо зи ту як дам намешавад холӣ
درون ما ز تو یک دم نمیشود خالی
Кунун ки шаҳр гирифтӣ равои мадори хароб
کنون که شهر گرفتی روا مدار خراب
Ба мӯии тофтаи пой дилам фурӯбастӣ
به موی تافته پای دلم فروبستی
Чу мӯӣ тофтӣ эй некбахт рӯй мтоб
چو موی تافتی ای نیکبخت روی متاب
Туро ҳикояти мо мухтасар ба гӯш ояд
تو را حکایت ما مختصر به گوش آید
Ки ҳоли ташна наме доне эй гули сероб
که حال تشنه نمیدانی ای گل سیراب
Агар чароғи бимиради сабо чаҳ ғам дорад
اگر چراغ بمیرد صبا چه غم دارد
Вагар бирезади каттон чаҳ ғам хӯрд маҳтоб
و گر بریزد کتان چه غم خورد مهتاب
Дуоат гуфтаму дашном агар диҳӣ саҳл аст
دعات گفتم و دشنام اگر دهی سهل است
Ки бо шкрдҳнони хуш буд саволу ҷавоб
که با شکردهنان خوش بود سؤال و جواب
Куҷое эй ки тънт кунӣу таънаи занӣ
کجایی ای که تعَنُّت کنی و طعنه زنی
Ту бар канорӣ ва мо аўФтодаҳ дар ғарқоб
تو بر کناری و ما اوفتاده در غرقاب
Асири банди балоро чаҳ ҷой сарзаниш аст
اسیر بند بلا را چه جای سرزنش است
?герати муовинатӣ даст медиҳад дарёб
گرت معاونتی دست میدهد دریاب
Агар чаҳ сабри ман аз рӯй дӯст мумкин нест
اگر چه صبر من از روی دوست ممکن نیست
Ҳаме кунам ба зарурат чу сабри моҳӣ аз об
همیکنم به ضرورت چو صبر ماهی از آب
Ту бози даъвӣ парҳез мекунӣ саъдӣ
تو باز دعوی پرهیز میکنی سعدی
Ки дил ба кас надаҳум кули мдъи каззоб
که دل به کس ندهم کُلُّ مُدَّعٍ کَذّاب