наменадонам чаҳ кунам чораи ман ин дастон ро
میندانم چه کنم چاره من این دستان را
То ба даст оварам он дилбари прдстон ро
تا به دست آورم آن دلبر پردستان را
ӯ ба шамшери ҷафои хӯни дилам май резад
او به شمشیر جفا خون دلم میریزد
То ба хӯни дили ман ранг кунад дастон ро
تا به خون دل من رنگ کند دستان را
Ман бечораи туҳидастам аз он май тарсам
من بیچاره تهیدستم از آن میترسم
Ки висолаши надиҳади дасти туҳидастон ро
که وصالش ندهد دست تهیدستان را
Домани васлаш агар ман ба кафи орми рӯзӣ
دامن وصلش اگر من به کف آرم روزی
Надаҳум то ба қиёмат дигар аз дасти он ро
ندهم تا به قیامت دگر از دست آن را
Дар сафоташ нарасад гарчи басӣ шарҳ диҳад
در صفاتش نرسد گرچه بسی شرح دهد
Тӯтии табъи ман он булбули прдстон ро
طوطی طبع من آن بلبل پردستان را
Ҳавас ӯст диламро чаҳ тавон гуфт агар
هوس اوست دلم را چه توان گفت اگر
Даст бар сарв баландаш нарасад пистонро ?
دست بر سرو بلندش نرسد پستان را؟
Наргиси масти ваии озори дилам май талабад
نرگس مست وی آزار دلم میطلبد
Онкӣ дар арбада меоварад ӯ мисатон ро
آنکه در عربده میآورد او مستان را
Гар бубинами рух хубаш накунам майл ба боғ
گر ببینم رخ خوبش نکنم میل به باغ
Зонка чун ориз ӯ нест гулии бустон ро
زانکه چون عارض او نیست گلی بستان را
Ҳар ки дидаст нигорин ман андари ҳамаи умр
هر که دیدست نگارین من اندر همه عمر
Ба тамошо наравад ҳеҷ нгорстон ро
به تماشا نرود هیچ نگارستان را
Нест бар саъдӣ аз ин воқеа ва нест аҷаб
نیست بر سعدی از این واقعه و نیست عجب
Гар ғами фурқат ӯ нест кунад ҳастон ро
گر غم فرقت او نیست کند هستان را