Дарвеширо шунидам ки дар оташи фоқа май сӯхту рқъаҳ бар хирқа ҳаме дӯхту таскини хотири мискинро ҳаме гуфт :
درویشی را شنیدم که در آتشِ فاقه میسوخت و رُقعه بر خِرقه همیدوخت و تسکینِ خاطرِ مسکین را همیگفت:
Ба нони хушк қаноат кунему ҷомаи далқ
به نانِ خشک قناعت کنیم و جامهٔ دَلْق
Ки бори меҳнати худ ба ки бори миннати халқ
که بارِ محنتِ خود بِهْ که بارِ منّتِ خَلق
Касе гуфташ : чаҳ нишинӣ ки фалон дар ин шаҳри табъӣ Карим дораду Карамии ъмим , миён ба хизмати озодагони баста ва бар дар дил ҳо нишаста . Агар бар сӯрати ҳоли ту чунон ки ҳаст вуқуф ёбад , поси хотири азизони доштан миннат дораду ғанимати шуморад .
کسی گفتش: چه نشینی که فلان در این شهر طبعی کریم دارد و کَرَمی عَمیم، میان به خدمتِ آزادگان بسته و بر دَرِ دلها نشسته. اگر بر صورتِ حالِ تو چنانکه هست وقوف یابد، پاسِ خاطرِ عزیزان داشتن منّت دارد و غنیمت شمارد.
Гуфт : хомӯш ! ки дар пасӣ мурдан ба ки ҳоҷати пеш касе бурдан .
گفت: خاموش! که در پَسی مردن بِهْ که حاجت پیشِ کسی بردن.
Ҳам рқъаҳ духтан бау илзоми кунҷи сабр
هم رُقعه دوختن بِهْ و الزامِ کنجِ صبر
Каз баҳри ҷома , рқъаҳ бар хоҷагони набшат
کز بهرِ جامه، رُقعه بَرِ خواجگان نبشت
Ҳқо ки бо уқубати дӯзах баробар аст
حقّا که با عقوبتِ دوزخ برابر است
Рафтан ба поймардии ҳамсоя дар биҳишт
رفتن به پایمردیِ همسایه در بهشت