Душмании заъиф ки дар тоъат ояду дӯстии намояд , мақсӯди ваии ҷуз он нест ки душманӣ қавӣ гардад ва гуфтаанд : бар дӯстии дӯстон эътимод нест то ба тамаллуқи душманон чаҳ расад ва ҳар ки душмани кучакро ҳақир медорад , бидон монад ки оташи андакро мӯҳмал мегузорад .
دشمنی ضعیف که در طاعت آید و دوستی نماید، مقصود وی جز آن نیست که دشمنی قوی گردد و گفتهاند: بر دوستی دوستان اعتماد نیست تا به تملق دشمنان چه رسد و هر که دشمن کوچک را حقیر میدارد، بدان ماند که آتش اندک را مهمل میگذارد.
Имрӯз бикаш чу ме тавон кишт
امروز بکش چو میتوان کشت
Котш чу баланд шуд ҷаҳони сӯхт
کآتش چو بلند شد جهان سوخت
Магузор ки зиҳ кунад камон ро
مگذار که زه کند کمان را
Душман ки ба тир метавон дӯхт
دشمن که به تیر میتوان دوخت