Бихўдӣ дошт зи фикри ду ҷаҳони озодам

بی‌خودی داشت ز فکرِ دو جهان آزادم

То ба ҳуши омадам аз арш ба фарши афтодам

تا به هوش آمدم از عرش به فرش افتادم

Пои ман бар сар ганҷаст чу девори ятем

پای من بر سر گنج است چو دیوار یتیم

Дасти худ бӯса занад ҳар ки кунад ободам

دست خود بوسه زند هر که کند آبادم

Сафари бихўдими по ба рикобаст , куҷост

سفر بی‌خودی‌ام پا به رکاب است، کجاست

Боди дастӣ ки ба як ҷуръа кунад имдодам ?

باددستی که به یک جرعه کند امدادم؟

Кори ман дар гиреҳ аз пурҳунарӣ афтода аст

کار من در گره از پرهنری افتاده است

Дорад аз ҷавҳари худ мӯи қалами фӯлодам

دارد از جوهر خود مو قلم فولادم

Бод ёрб зи саодати ҳамаи рӯзаши наврӯз

باد یارب ز سعادت همه روزش نوروز

Ҳар ки дар ид наёяд ба мборкбодм !

هر که در عید نیاید به مبارکبادم!

Нолаи мурғи гирифтор асарҳо дорад

ناله مرغِ گرفتار اثرها دارد

Хоҳад афтод ба доми дгарони сайёдам

خواهد افتاد به دامِ دگران صیادم

Хонаи оинаро танг кунад бар ширин

خانه آینه را تنگ کند بر شیرین

Бесутунӣ ки мусаввир шавад аз Фарҳодам

بیستونی که مصوَّر شود از فرهادم

Манеҳам он гавҳари шҳўор ки аз ғалатоне

منم آن گوهرِ شهوار که از غلطانی

Аз канори садафи чарх ба хоки афтодам

از کنار صدف چرخ به خاک افتادم

Шаби обистан умед шуд он рӯзи ақим

شبِ آبستنِ امید شد آن روز عقیم

Ки ман аз модари сангини дили даврони зодам

که من از مادرِ سنگین‌دلِ دوران زادم

Ба чаҳ умеди даҳуми домани фарёд аз даст ?

به چه امید دهم دامن فریاد از دست؟

Ман ки фарёд рисӣ нест ба ҷузи фарёдам

من که فریادرسی نیست به جز فریادم

Нест он мисраи барҷастаи хадангаши соиб

نیست آن مصرع برجسته خدنگش صائب

Ки агар боли برارد , баравад аз ёдам

که اگر بال برآرد، برود از یادم