Макун таъаҷҷуб агар шуд чароғи мо равшан

مکن تعجب اگر شد چراغ ما روشن

Чароғи зиндаи дилонро кунад худои равшан

چراغ زنده دلان را کند خدا روشن

Мулоимати зи тамаъи пешагон ба он монад

ملایمت ز طمع پیشگان به آن ماند

Ки шамъи мум ба манзил кунад гадои равшан

که شمع موم به منزل کند گدا روشن

Ҳамеша бахти сияҳи рӯз дар миёнам дошт

همیشه بخت سیه روز در میانم داشت

Маро чу шамъ нигарадед пеши пои равшан

مرا چو شمع نگردید پیش پا روشن

Агар чаҳ ҳаст кудурати миёни чашму ғубор

اگر چه هست کدورت میان چشم و غبار

Шуд аз ғубори хат ӯ саводи мо равшан

شد از غبار خط او سواد ما روشن

Ба ғӯри маънӣ нозук расанд соФдлон

به غور معنی نازک رسند صافدلان

Ҳилоли чеҳраи намояд чу шуд ҳавои равшан

هلال چهره نماید چو شد هوا روشن

Умед ҳаст ки чашми бсорти соиб

امید هست که چشم بصارت صائب

Шавад зи хок дар шоҳи авлиёи равшан

شود ز خاک در شاه اولیا روشن