зи бодаи тавба дар айём навбаҳор макун

ز باده توبه در ایام نوبهار مکن

Ба ихтиёр , пушаймонӣ ихтиёр макун

به اختیار، پشیمانی اختیار مکن

Ба истихора агар тавба кардае зоҳид

به استخاره اگر توبه کرده ای زاهد

Ба истихора дигар зинҳор кор макун

به استخاره دگر زینهار کار مکن

Висоли соғару минои қирон саъдин аст

وصال ساغر و مینا قران سعدین است

Барои хӯрдан май соъат ихтиёр макун

برای خوردن می ساعت اختیار مکن

Замини шӯр буд барқи донаи умед

زمین شور بود برق دانه امید

Ба маҷлисӣ ки дар ӯ нест мегузор макун

به مجلسی که در او نیست می گذار مکن

Ба пои хам май норас ба ком хеш расед

به پای خم می نارس به کام خویش رسید

Сафари зи кӯии харобот зинҳор макун

سفر ز کوی خرابات زینهار مکن

Агар чаҳ ишқ буд кори мардуми бекор

اگر چه عشق بود کار مردم بیکار

Ба ғайри ишқи тавваҷуҳ ба ҳеҷ кор макун

به غیر عشق توجه به هیچ کار مکن

Чу рӯзгор баносозӣ ту сохта аст

چو روزگار به ناسازی تو ساخته است

Ту низ шикваи зи авзоъ рӯзгор макун

تو نیز شکوه ز اوضاع روزگار مکن

зи чашми шӯри бисот ҷаҳон намакзораст

ز چشم شور بساط جهان نمکزارست

Чу лолаи доғи ниҳони худ ошкор макун

چو لاله داغ نهان خود آشکار مکن

Расад чу қатра ба дарёи яке ҳазор шавад

رسد چو قطره به دریا یکی هزار شود

Ба ҷони музоиқа бо теғ обдор макун

به جان مضایقه با تیغ آبدار مکن

Либоси ориятии пардаи дор нокомӣ аст

لباس عاریتی پرده دار ناکامی است

Ба ҳар чаҳ аз ту ҷудо гардад ифтихор макун

به هر چه از تو جدا گردد افتخار مکن

з хаст шуракои зуд май шӯии дилгир

ز خست شرکا زود می شوی دلگیر

Дарин замонаи таманноӣ эътибор макун

درین زمانه تمنای اعتبار مکن

Муҳӣт ишқ надорад канорае , соиб

محیط عشق ندارد کناره ای، صائب

Талоши соҳили азин баҳр беканор макун

تلاش ساحل ازین بحر بی کنار مکن