Пеши қазои ҳақи дам чун ва чаро мазан
پیش قضای حق دم چون و چرا مزن
Дар баҳр бе канори абаси даст ва по мазан
در بحر بی کنار عبث دست و پا مزن
То дар дили ту доъия эътироз ҳаст
تا در دل تو داعیه اعتراض هست
Хомӯш бошу дами зи мақом ризо мазан
خاموش باش و دم ز مقام رضا مزن
Кӯтаҳ шавад забони маломати зи эҳтиёт
کوته شود زبان ملامت ز احتیاط
Бо дидаи кушодаи қадам беАсо мазан
با دیده گشاده قدم بی عصا مزن
Саҳласт ноумеди зи бегонагон шудан
سهل است ناامید ز بیگانگان شدن
Бо ҷони пари умед дар ошно мазан
با جان پر امید در آشنا مزن
Дар оташаст наъли сафари рангу буи ро
در آتش است نعل سفر رنگ و بوی را
Домани гиреҳ ба домани ин бевафо мазан
دامن گره به دامن این بی وفا مزن
Дар хок кун ниҳони қалами устихони ман
در خاک کن نهان قلم استخوان من
Оташ ба дафтари пару бол ҳумо мазан
آتش به دفتر پر و بال هما مزن
Маҷнӯн гирифт домани маҳмил ба дасти сабр
مجنون گرفت دامن محمل به دست صبر
Беҳудаи қатра дар талаб муддао мазан
بیهوده قطره در طلب مدعا مزن
Соиб кабоб шуд дили олами зи нолаи ?ут
صائب کباب شد دل عالم ز ناله ات
Дар парда беш азин сухан ошно мазан
در پرده بیش ازین سخن آشنا مزن