Нозктрст аз раги ҷони гуфтугӯии ман
نازکترست از رگ جان گفتگوی من
Борӣк шуд муҳӣт чу омад ба ҷӯии ман
باریک شد محیط چو آمد به جوی من
Гардуни сифлаи луқмаи рӯзӣ ҳисоб кард
گردون سفله لقمه روزی حساب کرد
Ҳар гиря эй ки гашти гиреҳ дар гулӯии ман
هر گریه ای که گشت گره در گلوی من
Чун мавҷ шуд кашокаши ҳирсами зиёдтар
چون موج شد کشاکش حرصم زیادتر
Чандон ки чарх беш шикасти орзӯии ман
چندان که چرخ بیش شکست آرزوی من
Аз домани садаф чаҳ ғубор аз дилам равад ?
از دامن صدف چه غبار از دلم رود؟
Дарёи набарди гирди ятемии з рӯй ман
دریا نبرد گرد یتیمی ز روی من
Ширӣ ки хӯрда будам дар аҳди кӯдакӣ
شیری که خورده بودم در عهد کودکی
Кард аз фишори чархи сифедии зи мӯии ман
کرد از فشار چرخ سفیدی ز موی من
Соиб дар он муҳӣт ки мавҷаш фалохан аст
صائب در آن محیط که موجش فلاخن است
Аз об чун дуруст барояд сабуии ман ?
از آب چون درست برآید سبوی من؟