Маро ки рустаам аз гули баҳор кӣ донад
مرا که رستهام از گل بهار کی داند
Маро ки ҷустаам аз хори хор кӣ донад
مرا که جستهام از خار خار کی داند
Касе ки дида ба ағёри баст ва ёр надид
کسی که دیده به اغیار بست و یار ندید
Агар назора кунад рӯй ёр кӣ донад
اگر نظاره کند روی یار کی داند
Бшўри зори ҷамодӣ ки шуд муҷовири хас
بشور زار جمادی که شد مجاور خس
Таровати тарафи лолаи зор кӣ донад
طراوت طرف لاله زار کی داند
Бихӯраду хоби авомӣ ки хуй карда бдом
بخورد و خواب عوامی که خوی کرده بدام
Аволими ман шаби зиндаи дор кӣ донад
عوالم من شب زنده دار کی داند
Касе ки кӯри дилу тираи бахти зоди зимом
کسی که کور دل و تیره بخت زاد زمام
Фурӯғи чашми дили бахти ёр кӣ донад
فروغ چشم دل بخت یار کی داند
Дилӣ ки қатъи умед аз мақом ва мартаба кард
دلی که قطع امید از مقام و مرتبه کرد
Маротиби дили умедвор кӣ донад
مراتب دل امیدوار کی داند
Муваҳҳидӣ ки надонад бғири ваҳдати зот
موحدی که نداند بغیر وحدت ذات
Бҷбр кӣ нигарад ихтиёр кӣ донад
بجبر کی نگرد اختیار کی داند
Яке ки нест бтўҳид дар шумори адад
یکی که نیست بتوحید در شمار عدد
Чу дид каси адад бешумор кӣ донад
چو دید کس عدد بی شمار کی داند
Дилӣ ки рустаи зи давру мадору ахтари чарх
دلی که رسته ز دور و مدار و اختر چرخ
зи чарху ахтару давру мадор кӣ донад
ز چرخ و اختر و دور و مدار کی داند
Надодаанд ду дил бар яке чаҳ ҷои ҳазор
نداده اند دو دل بر یکی چه جای هزار
Агар якеаст дили ман ҳазор кӣ донад
اگر یکیست دل من هزار کی داند
Димоғи онкӣ чу ойинаи зери занги хумор
دماغ آنکه چو آئینه زیر زنگ خمار
Сафои субҳ дил мегусор кӣ донад
صفای صبح دل میگسار کی داند
Касе ки рФрФи рӯҳу барроқ ақл надид
کسی که رفرف روح و براق عقل ندید
Урӯҷи Аҳмади рФрФи савор кӣ донад
عروج احمد رفرف سوار کی داند
Миён баҳр муҳӣтаст ҳар чаҳ ҳаст сафо
میان بحر محیطست هر چه هست صفا
Дарин миёнаи муваҳҳиди канор кӣ донад
درین میانه موحد کنار کی داند