Шабӣ ки зулфи ту эй нозанин фитод бадастам

شبی که زلف تو ای نازنین فتاد بدستم

з коинот буридам дилу бмўии ту бастам

ز کاینات بریدم دل و بموی تو بستم

Биҷузи ту рӯй иродати бҳич сӯй надорам

بجز تو روی ارادت بهیچ سوی ندارم

Ки хостми зи сари олимӣ ва бо ту нишастам

که خاستم ز سر عالمی و با تو نشستم

Муродами аввалу охири тўӣӣ ва рӯй ту бошад

مرادم اول و آخر توئی و روی تو باشد

Чароғи шоми абади офтоби субҳи аластам

چراغ شام ابد آفتاب صبح الستم

Туро стоиму бас ҳар киро ки ман биситойам

تو را ستایم و بس هر که را که من بستایم

Туро пурситаму бас ҳар чаҳро ки ман ба пурситам

تو را پرستم و بس هر چه را که من به پرستم

Даҳонат аз адам ва аз вуҷӯди бардаи бурунам

دهانت از عدم و از وجود برده برونم

На огаҳӣ дигар аз нест бошад ва на з ҳастам

نه آگهی دگر از نیست باشد و نه ز هستم

Чунон зи гардиш чашмат шудам зи даст ки мисатон

چنان ز گردش چشمت شدم ز دست که مستان

Кашанд дӯш бадуш ва баранд дасти бадастам

کشند دوش بدوش و برند دست بدستم

Марои зи ишқи ту эй мояи умеди ҳамин бас

مرا ز عشق تو ای مایهٔ‌ امید همین بس

Ки дар каманди ту аз қайд ҳар ду куни брстм

که در کمند تو از قید هر دو کون برستم

Бсд тилисм фитодам бароаи ишқу лекин

بصد طلسم فتادم براه عشق و لیکن

Бимни номи алии он тилисм ҳо бишикастам

بیمن نام علی آن طلسم‌ها بشکستم

Бғири бодагусорон базми соқии кавсар

بغیر باده گساران بزم ساقی کوثر

Касе сағир надонад ки ман зи ҷом ки мастам

کسی صغیر نداند که من ز جام که مستم