Бигӯ эй моҳ то соқии з мемаҷлис биорояд

بگو ای ماه تا ساقی ز می مجلس بیاراید

Ки хуршеди ҷаҳони оро ба дўлтхонаҳ ме ояд

که خورشید جهان‌آرا به دولتخانه می‌آید

Ба бустони рӯ ба пирӯзии дамӣ то боди наврӯзӣ

به بستان رو به پیروزی دمی تا باد نوروزی

Ба буии зулфи мишкӣни ту анбар бар саман сояд

به بوی زلف مشکین تو عنبر بر سمن ساید

зи роҳи мавкибати наргис , ба чашмон хор барчинад

ز راه موکبت نرگس، به چشمان خار برچیند

зи боди доманати насрин , ба ориз гирд бизадойад

ز باد دامنت نسرین، به عارض گرد بزداید

Ҳумоюни гулшании конҷои азин моҳӣ кунад манзил

همایون گلشنی کانجا ازین ماهی کند منزل

Мубораки равзае конро чунин сарвӣ биорояд

مبارک روضه‌ای کان را چنین سروی بیاراید

Хаёли сарви болоят дар об ва гул наме гунҷад

خیال سرو بالایت در آب و گل نمی‌گنجد

Мақому манзили ҷонон ба ғайр аз дил наме шояд

مقام و منزل جانان به غیر از دل نمی‌شاید

Хунаки бодӣ ки аз хоки сари кӯии ту бар хезад

خنک بادی که از خاک سر کوی تو بر خیزد

Хушо ҷонӣ каз анфоси хушаш ҷонӣ биёсоед

خوشا جانی کز انفاس خوشش جانی بیاساید

Сиррӣ дорам ба савдои ту мустағнии з ҳар бобӣ

سری دارم به سودای تو مستغنی ز هر بابی

Ки ғайр аз даргаи васли ту ҳеҷаш дар наме бояд

که غیر از درگه وصل تو هیچش در نمی‌باید

Сари шӯридаро салмон аз он рӯ май наад бар каф

سر شوریده را سلمان از آن رو می‌نهد بر کف

Ки дар поиш кашад чун зулф агар ташриф фармоед

که در پایش کشد چون زلف اگر تشریف فرماید

Дар он маҷлис ки чашми ёри ҷом ҳасан гирданд

در آن مجلس که چشم یار جام حسن گرداند

Касегар бода паймоед ҳақиқат бод паймоед

کسی گر باده پیماید حقیقت باد پیماید