эй номи ту зинати забонҳо
ای نامِ تو زینتِ زبانها
Аҳволи ту зеби достонҳо
احوالِ تو زیبِ داستانها
Парвардаи маҳди дӯши Аҳмад
پروردهٔ مهدِ دوشِ احمد
Пайғамбари охири замон ҳо
پیغمبرِ آخرزمانها
Бинмуд худои туро ба ҷинат
بنمود خدا تو را به جنّت
Дар мартабаи Сайиди ҷавон ҳо
در مرتبه، سیدِ جوانها
Барпо шудаи минбари азоят
برپا شده منبرِ عزایت
Аз рӯзи азал дар осмон ҳо
از روزِ ازل در آسمانها
Дар маърази ибтилои кунин
در معرضِ ابتلایِ کونَین
Шуд кори ту фавқи имтиҳон ҳо
شد کارِ تو فوقِ امتحانها
Аз сатҳи замин ба арши аъзам
از سطحِ زمین به عرشِ اعظم
Пайвастаи зи мотамати фиғон ҳо
پیوسته ز ماتمت فغانها
Ҷон дар раҳи ҳақ фидо намӯдӣ
جان در ره حق فدا نمودی
То шуд ба фидойии ту ҷон ҳо
تا شد به فداییِ تو، جانها
Гирён ба ту ваҳшёни саҳро
گریان به تو وحشیانِ صحرا
То ҳашар чаҳ мурғи ошён ҳо
تا حشر، چه مرغِ آشیانها
Доранд ҷаҳони зи синаи танг
دارند جهان ز سینهٔ تنگ
Бар новаки мотамати нишон ҳо
بر ناوکِ ماتمت نشانها
Сайлоби ғами ту гашт то ҳашар
سیلابِ غمِ تو گشت تا حشر
Вайрон кун ҷумлаи хонимонҳо
ویرانکُنِ جمله خانمانها
эй бекасу ошнои ҳусайнам
ای بیکَس و آشنا حسینم
Лаби ташнау сари ҷудои ҳусайнам
لبتشنه و سرجدا حسینم
Ҳар аҳд ки бо худо намӯдӣ
هر عهد که با خدا نمودی
Як як ба ҳама вафо намӯдӣ
یکیک به همه وفا نمودی
Умеди худ аз ватан буридӣ
امیدِ خود از وطن بریدی
Ҷо дар саф нинаво намӯдӣ
جا در صفِ نینوا نمودی
Ёрону бародарони худ ро
یاران و برادرانِ خود را
Дар роҳи худо фидо намӯдӣ
در راهِ خدا فدا نمودی
Бегона шудӣ зи аҳли олам
بیگانه شدی ز اهلِ عالم
Худро ба ҳақ ошно намӯдӣ
خود را به حق آشنا نمودی
Аббоси бародари ҷавон ро
عباس، برادرِ جوان را
Бедаст ба Карбало намӯдӣ
بیدست به کربلا نمودی
Чун қосиму Акбарии ту қомат
چون قاسم و اکبری، تو قامت
Дар мотамашони ду то намӯдӣ
در ماتمشان دوتا نمودی
Фарзанди сағири худ нишона
فرزندِ صغیرِ خود نشانه
Бар новак ибтило намӯдӣ
بر ناوکِ ابتلا نمودی
Мазлӯму ғариби охир аз зин
مظلوم و غریب، آخر از زین
Андари сари хок ҷо намӯдӣ
اندر سرِ خاک جا نمودی
Он дайн ки доштӣ ба гардан
آن دِین که داشتی به گردن
Аз гардани худ адо намӯдӣ
از گردنِ خود ادا نمودی
эй бекасу ошнои ҳусайнам
ای بیکس و آشنا حسینم
Лаби ташнау сари ҷудои ҳусайнам
لبتشنه و سرجدا حسینم
Чун рафт сари ту бар сари не
چون رفت سرِ تو بر سرِ نی
Бо нағмаи чангу нолаи не
با نغمهٔ چنگ و نالهٔ نی
Дар мотами ту ба табли сина
در ماتمِ تو به طبلِ سینه
Зад зайнаби хӯни ҷигари паёпай
زد زینبِ خونجگر پیاپی
Дар таври синони худоиро халқ
در طورِ سنان، خدای را خلق
Диданди аёни зи мазҳари вай
دیدند عیان ز مظهرِ وی
Бар найзаи сар ту рафт ва кардӣ
بر نیزه سرِ تو رفت و کردی
Миъроҷи худоиро ба сари тай
معراجِ خدای را به سر، طی
Атфоли ятеми ту сарат ро
اطفالِ یتیمِ تو، سرت را
Афтода ба оҳу нола аз пай
افتاده به آه و ناله از پی
эй зинати гӯшвораи арш
ای زینتِ گوشوارهٔ عرش
Дар ҳақ ту дошт ин гумон кӣ
در حقِ تو داشت این گمان، کی؟
Каз крбу балои баҳори умрат
کز کربوبلا، بهارِ عمرت
Чун шуд зи ҷафои ашқёءи дай
چون شد ز جفایِ اشقیا، دِی
Гардад баданат ба хоки яксон
گردد بدنت به خاک، یکسان
Зери сами тавсани сабки пай
زیرِ سُمِ توسنِ سبکپی
Созад сари анвори ту манзил
سازد سَرِ انوَرِ تو منزل
Дар хоки тануру маҷлис май
در خاکِ تنور و مجلسِ مِی
Акнӯн ки ба чора дастрас нест
اکنون که به چاره دسترس نیست
Гӯям зи ғам ва фиғон кунам ҳай
گویم ز غم و فغان کنم هِی
эй бекасу ошнои ҳусайнам
ای بیکس و آشنا حسینم
Лаби ташнау сари ҷудои ҳусайнам
لبتشنه و سرجدا حسینم
Рӯзӣ ки сарати з тан буриданд
روزی که سرت ز تن بریدند
Аҳли ҳурмат фиғон кашиданд
اهلِ حَرَمت فغان کشیدند
Дар хаймаи гуҳат барои ғорат
در خیمهگهت برایِ غارت
Бо ҳелҳала кӯфӣон давиданд
با هلهله کوفیان دویدند
Як тайифаи ҳамчуи гурги хунхор
یک طایفه همچو گرگِ خونخوار
Андари сар обидин давиданд
اندر سَرِ عابدین دویدند
Фавҷии з барои гӯшвора
فوجی ز برایِ گوشواره
Гӯши се зан аз ситам дариданд
گوشِ سه زن از ستم دریدند
Чун сайд ба зери дасти сайёд
چون صید به زیرِ دستِ صیاد
Атфол стмкшт рамеданд
اطفالِ ستمکَشَت رمیدند
Ҳар гӯшаи зи тарси силии шимур
هر گوشه ز ترسِ سیلیِ شمر
Андари бен хорҳо хазиданд
اندر بُنِ خارها خزیدند
Рӯзӣ ки надидаи ҳеҷ кофар
روزی که ندیده هیچ کافر
Дар Марӣаи итрати ту диданд
در مارِیه، عترتِ تو دیدند
Ҳар таъна казу набӯд бадтар
هر طعنه کزو نبود بدتر
Дар Кӯфаи з кӯфӣон шуниданд
در کوفه ز کوفیان شنیدند
Чун ҷғди ғариб бепару бол
چون جغدِ غریبِ بیپر و بال
Дар кунҷ хароба орамиданд
در کنجِ خرابه آرمیدند
эй сибти набӣ банӣ Умия
ای سبطِ نبی! بنیامیه
Охир ба муроди дили расиданд
آخر به مرادِ دل رسیدند
эй бекасу ошнои ҳусайнам
ای بیکس و آشنا حسینم
Лаби ташнау сари ҷудои ҳусайнам
لبتشنه و سرجدا حسینم
эй сиккаи ибтило ба науммат
ای سکهٔ ابتلا به نامت
Аз Кӯфаи бтар балои шомат
از کوفه بَتَر، بلایِ شامت!
Дар Кӯфа агар ба кунҷи матбах
در کوفه اگر به کنجِ مطبخ
Хўлӣ нанамуд эҳтиромат
خولی ننمود احترامت
Дар шоми паии талофии охир
در شام پیِ تلافی آخر
Доданд ба ташти зари мақомат
دادند به طشتِ زر، مقامت
Хокистару санги мардуми шом
خاکستر و سنگِ مردمِ شام
Карданд нисори сари зи бомат
کردند نثارِ سَر، ز بامت
Бар не чу маи ду ҳафта карданд
بر نی چو مَه دوهفته کردند
Ангушт намой хосу омат
انگشتنمایِ خاص و عامت
Дар базми шароб осмон кард
در بزمِ شراب، آسمان کرد
з ҳар ғаму ибтило ба ҷомат
زهرِ غم و ابتلا به جامت
Фарзанди ҳароми зодаи ҳинд
فرزندِ حرامزادهٔ هند
Пӯшеди назари зи эҳтишомат
پوشید نظر ز احتشامت
Шудаи маст ва ба чӯб хайзарон кард
شد مست و به چوبِ خیزران کرد
Озурдаи лабони лаъли фомат
آزرده لبانِ لعلفامت
Шуд рӯз ба пеши чашми зайнаб
شد روز به پیشِ چشمِ زینب
Чун шоми зи ранҷи субҳу шомат
چون شام، ز رنجِ صبح و شامت
То рӯзи ҷазои дили шикаста
تا روزِ جزا، دلشکسته
( сомит ) шудаи навҳагар мудомат
«صامت» شده نوحهگر مُدامت
эй бекасу ошнои ҳусайнам
ای بیکس و آشنا حسینم
Лаби ташнау сари ҷудои ҳусайнам
لبتشنه و سرجدا حسینم