эй лутфи ту басии марои кори сохта
ای لطف تو بسی مرا کار ساخته
Корам шудаи зФзли ту садбори сохта
کارم شده زفضل تو صدبار ساخته
Гар пои саъй дар сар корам ниҳанд халқ
گر پای سعی در سر کارم نهند خلق
Бе дасти лутф ту нашавад кори сохта
بی دست لطف تو نشود کار ساخته
Кори маро ки ғайри ту дигар касе насохт
کار مرا که غیر تو دیگر کسی نساخت
Кӣ гардад аз мъўнти ағёри сохта
کی گردد از معونت اغیار ساخته
Андари адам чу як назар аз ҷўдтўи бёФт
اندر عدم چو یک نظر از جودتو بیافت
Кори ду куни гашти бикбори сохта
کار دو کون گشت بیکبار ساخته
Онро ки аз хазонаи файзи ту баҳра нест
آن را که از خزانه فیض تو بهره نیست
Кораш нашуд бдрҳми вдинори сохта
کارش نشد بدرهم ودینار ساخته
Аз неъмати ту ончии ман имсол ме хӯрам
از نعمت تو آنچه من امسال می خورم
Он роўкили раҳмати ту пори сохта
آن راوکیل رحمت تو پار ساخته
Аз хирмани атои ту ҳар офарӣда ӣӣ
از خرمن عطای تو هر آفریده یی
Чун мӯри донаи бардаи вонбори сохта
چون مور دانه برده وانبار ساخته
Ҳасани қазоат бар тибқ рӯй некӯон
حسن قضات بر طبق روی نیکوان
Дар пистаи тӯтӣони шукри бори сохта
در پسته طوطیان شکر بار ساخته
Ҳар дам чу офияти дили ранҷури ишқ ро
هر دم چو عافیت دل رنجور عشق را
Дарди ту нӯши доруии бемори сохта
درد تو نوش داروی بیمار ساخته
эй нахли банди сунъи ту дар боғу бӯстон
ای نخل بند صنع تو در باغ و بوستان
Миваи зшохи хушки вгл аз хори сохта
میوه زشاخ خشک وگل از خار ساخته
Зикрат ки зулмат аз дили оқили буруни барад
ذکرت که ظلمت از دل عاقل برون برد
Ҷони рочўи чашми матлаъи анвори сохта
جان راچو چشم مطلع انوار ساخته
Дар муҳками каломи ту ҳар ҳарфи внқтаҳ ро
در محکم کلام تو هر حرف ونقطه را
Илмати китоби хонаи асрори сохта
علمت کتاب خانه اسرار ساخته
Арродаи қазои турогар касе биҷаҳад
عراده قضای ترا گر کسی بجهد
Аз баҳри дафъи қалъаи вдиўори сохта
از بهر دفع قلعه ودیوار ساخته
Бечораи дармуқобили събони Мӯсавӣ
بیچاره درمقابل ثعبان موسوی
Чун соҳир аз ъсоўрсни мори сохта
چون ساحر از عصاورسن مار ساخته
Сайф аз дили садафи сифати худ прозгҳр
سیف از دل صدف صفت خود پرازگهر
Сад баҳр дар сафинаи ашъори сохта
صد بحر در سفینه اشعار ساخته