Дилу ҷигар ба ғами ту кабоб шуд ҳар ду
دل و جگر به غم تو کباب شد هر دو
Сарои дидау дили ҳам хароб шуд ҳар ду
سرای دیده و دل هم خراب شد هر دو
Шаби фироқ ту шуд дидаам чу дарёӣ
شب فراق تو شد دیدهام چو دریایی
Ба раваду мардуми чашмам ҳубоб шуд ҳар ду
به رود و مردم چشمم حباب شد هر دو
Алии алсбоҳ ба рӯят чу дида кардам боз
علی الصباح به رویت چو دیده کردم باز
Саводи дидаи ман офтоб шуд ҳар ду
سواد دیده من آفتاب شد هر دو
Сутуни хаймаи тани ишқи гашти гесуят
ستون خیمه تن عشق گشت گیسویت
Бигард хаймаи з ҳар сӯ таноб шуд ҳар ду
بگرد خیمه ز هر سو طناب شد هر دو
Ба қатли шоҳидии он ғамзаи бас таъаллул кард
به قتل شاهدی آن غمزه بس تعلل کرد
Магар ки наргиси мастат ба хоб шуд ҳар ду
مگر که نرگس مستت به خواب شد هر دو